






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 21 मई 2024। उपजिला चिकित्सालय से बड़ी खबर आई है। यहां सोमवार को घुटने के दर्द से बेहाल दो मरीजों को राहत मिली है। हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ जगदीश गोदारा के नेतृत्व में घुटने के दो सफल ऑपरेशन सरकारी अस्पताल में हुए है। बता देवें पूरे जिले में उपजिला अस्पताल में पहली बार घुटना प्रत्यारोपण का ऑपरेशन श्रीडूंगरगढ़ अस्पताल में ही हुआ है। डॉ गोदारा ने बताया कि एक महिला व एक पुरूष मरीजों के एक-एक घुटने का ऑपरेशन किया गया। दोनों के ही घुटने अपने ही शरीर का वजन उठाने मे सक्षम नहीं रहें और दर्द मरीज के असहनीय स्तर तक था, ऐसे में उनके घुटने प्रत्यारोपण किए गए जिससे उन्हें बहुत राहत मिली है। ऑपरेशन में डॉ गोदारा के साथ क्रिटिकल केयर स्पेशलिस्ट डॉ सुनील सहारन सहित नर्सिंग स्टाफ में हनुमान कूकणा व रमाकांत, सीताराम, रामनारायण स्वामी ने सहयोग किया। अस्पताल प्रभारी डॉ एसके बिहाणी सहित स्टाफ ने टीम को बधाई दी। बिहाणी ने कहा कि सरकारी अस्पताल में घुटना प्रत्यारोपण सुविधा से क्षेत्र के आमजन को बड़ा लाभ मिल सकेगा। ये अस्पताल के लिए ये बड़ी उपलब्धि भरा है और इससे लोगों का सरकारी सेवाओं के प्रति विश्वास भी बढ़ेगा।
64 वर्षीय गणेशगिरी को मिली दर्द से राहत।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। गांव जेतासर निवासी 64 वर्षीय गणेशगिरी को कई सालों के दर्द से निजात मिल गई है। मरीज के पुत्र श्रवणगिरी ने बताया कि उनके पिता गत 12 महिने से घुटने के दर्द के कारण नींद नहीं ले पा रहें थे। सोमवार को उनके घुटने का प्रत्यारोपण किया गया। आज सुबह मेडिकल टीम द्वारा उन्हें चलाकर देखा गया तो उन्हें राहत महसूस हुई है। परिवार ने डॉ गोदारा सहित पूरी टीम का आभार भी जताया है।
60 वर्षीय चंदादेवी 4 माह से खड़ी ही नहीं हो पाई, मिली राहत।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। कस्बे के आड़सर बास निवासी 60 वर्षीय चंदादेवी करीब 4 माह से तो खड़ी ही नहीं हो पा रही थी। मरीज के पुत्र मूलचंद प्रजापत ने बताया कि उनकी माता के घुटने टेढ़े ही हो गए थे और दर्द के कारण वे 4 माह से तो उठ ही नहीं पा रही थी। उनके घुटने का सोमवार को प्रत्यारोपण ऑपरेशन हुआ है। आज सुबह वे चली तो उन्हें बहुत राहत मिली है। चंदादेवी की देखरेख कर रही उनकी बहू अमिता प्रजापत ने मेडिकल टीम का आभार जताया।







