






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 15 मई 2026।🚩श्री गणेशाय नम:🚩 शास्त्रों के अनुसार तिथि के पठन और श्रवण से माँ लक्ष्मी की कृपा मिलती है ।
वार के पठन और श्रवण से आयु में वृद्धि होती है।
नक्षत्र के पठन और श्रवण से पापो का नाश होता है।
योग के पठन और श्रवण से प्रियजनों का प्रेम मिलता है। उनसे वियोग नहीं होता है ।
*करण के पठन श्रवण से सभी तरह की मनोकामनाओं की पूर्ति होती है ।
इसलिए हर मनुष्य को जीवन में शुभ फलो की प्राप्ति के लिए नित्य पंचांग को देखना, पढ़ना चाहिए ।
📜 आज का पंचांग 📜
☀ 15-May-2026
☀ Sri Dungargarh, India
🔅 तिथि त्रयोदशी, चतुर्दशी 08:34 AM
🔅 नक्षत्र अश्विनी 08:15 PM
🔅 करण वणिज, विष्टि 08:34 AM
🔅 पक्ष कृष्ण
🔅 योग आयुष्मान 02:20 PM
🔅 वार शुक्रवार
☀ सूर्य व चन्द्र से संबंधित गणनाएँ
🔅 सूर्योदय 05:44 AM
🔅 चन्द्रोदय 04:49 AM
🔅 चन्द्र राशि मेष
🔅 चन्द्र वास पूर्व
🔅 सूर्यास्त 07:16 PM
🔅 चन्द्रास्त 05:48 PM
🔅 ऋतु ग्रीष्म
☀ हिन्दू मास एवं वर्ष
🔅 शक सम्वत 1948 पराभव
🔅 काली सम्वत 5127
🔅 दिन काल 13:31:56
🔅 विक्रम सम्वत 2083
🔅 मास अमांत वैशाख
🔅 मास पूर्णिमांत ज्येष्ठ
☀ शुभ और अशुभ समय
☀ शुभ समय
🔅 अभिजीत 12:03 PM 12:57 PM
☀ अशुभ समय
🔅 दुष्टमुहूर्त 08:26 AM 09:20 AM
🔅 कंटक 01:51 PM 02:45 PM
🔅 यमघण्ट 05:28 PM 06:22 PM
🔅 राहु काल 10:48 AM 12:30 PM
🔅 कुलिक 08:26 AM 09:20 AM
🔅 कालवेला / अर्द्धयाम 03:39 PM 04:34 PM
🔅 यमगण्ड 03:53 PM 05:34 PM
🔅 गुलिक काल 07:25 AM 09:07 AM
☀ दिशा शूल
🔅 दिशा शूल पश्चिम
☀ चन्द्रबल और ताराबल
☀ ताराबल
🔅 अश्विनी, भरणी, कृत्तिका, मृगशिरा, पुनर्वसु, आश्लेषा, मघा, पूर्वा फाल्गुनी, उत्तरा फाल्गुनी, चित्रा, विशाखा, ज्येष्ठा, मूल, पूर्वाषाढ़ा, उत्तराषाढ़ा, धनिष्ठा, पूर्वाभाद्रपद, रेवती
☀ चन्द्रबल
🔅 मेष, मिथुन, कर्क, तुला, वृश्चिक, कुम्भ
📜 चोघडिया 📜
🔅 चल 05:44 AM – 07:25 AM
🔅 लाभ 07:25 AM – 09:07 AM
🔅 अमृत 09:07 AM – 10:48 AM
🔅 काल 10:48 AM – 12:30 PM
🔅 शुभ 12:30 PM – 02:11 PM
🔅 रोग 02:11 PM – 03:53 PM
🔅 उद्वेग 03:53 PM – 05:35 PM
🔅 चल 05:35 PM – 07:16 PM
🔅 रोग 07:16 PM – 08:35 PM
🔅 काल 08:35 PM – 09:53 PM
🔅 लाभ 09:53 PM – 11:11 PM
🔅 उद्वेग 11:11 PM – 00:30 AM
🔅 शुभ 00:30 AM – 01:48 AM
🔅 अमृत 01:48 AM – 03:07 AM
🔅 चल 03:07 AM – 04:25 AM
🔅 रोग 04:25 AM – 05:44 AM
📜 लग्न तालिका 📜
🔅 मेष चर
शुरू: 04:10 AM समाप्त: 05:47 AM
🔅 वृषभ स्थिर
शुरू: 05:47 AM समाप्त: 07:43 AM
🔅 मिथुन द्विस्वाभाव
शुरू: 07:43 AM समाप्त: 09:58 AM
🔅 कर्क चर
शुरू: 09:58 AM समाप्त: 12:18 PM
🔅 सिंह स्थिर
शुरू: 12:18 PM समाप्त: 02:35 PM
🔅 कन्या द्विस्वाभाव
शुरू: 02:35 PM समाप्त: 04:51 PM
🔅 तुला चर
शुरू: 04:51 PM समाप्त: 07:11 PM
🔅 वृश्चिक स्थिर
शुरू: 07:11 PM समाप्त: 09:29 PM
🔅 धनु द्विस्वाभाव
शुरू: 09:29 PM समाप्त: 11:34 PM
🔅 मकर चर
शुरू: 11:34 PM समाप्त: 01:17 AM
🔅 कुम्भ स्थिर
शुरू: 01:17 AM समाप्त: 02:45 AM
🔅 मीन द्विस्वाभाव
शुरू: 02:45 AM समाप्त: 04:10 AM
न (वार) – शुक्रवार के दिन दक्षिणावर्ती शंख से भगवान विष्णु पर जल चढ़ाकर उन्हें पीले चन्दन अथवा केसर का तिलक करें। इस उपाय में मां लक्ष्मी जल्दी प्रसन्न हो जाती हैं।
शुक्रवार के दिन नियम पूर्वक धन लाभ के लिए लक्ष्मी माँ को अत्यंत प्रिय “श्री सूक्त”, “महालक्ष्मी अष्टकम” एवं समस्त संकटो को दूर करने के लिए “माँ दुर्गा के 32 चमत्कारी नमो का पाठ” अवश्य ही करें ।
शुक्रवार के दिन माँ लक्ष्मी को हलवे या खीर का भोग लगाना चाहिए ।
शुक्रवार के दिन शुक्र ग्रह की आराधना करने से जीवन में समस्त सुख, ऐश्वर्य की प्राप्ति होती है, दाम्पत्य जीवन सुखमय होता है बड़ा भवन, विदेश यात्रा के योग बनते है।
पण्डित विष्णुदत्त शास्त्री



