






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 2 मार्च 2022। अपने पति की मौत के बाद अपने बच्चों का हक मारे जाने के खिलाफ एक महिला खड़ी हो गई है और पुलिस थाने पहुंच कर मुकदमा दर्ज करवाया है। श्रीडूंगरगढ़ थानाधिकारी वेदपाल शिवराण ने बताया कि गांव कल्याणसर पुराना निवासी मगनादेवी के पति सहीराम की गत 18 फरवरी 2021 को खेत में कीटनाशक का छिड़काव करते हुए मौत हो गई थी। मगनादेवी और उसके पति सहीराम को उनके ससुर खेताराम ने अपने पैतृक खेत में हिस्सा पांति देते हुए करीब 9.30 साल पहले 8.1 हेक्टेयर भूमि दी थी। जिस पर पांच साल पहले सहीराम ने कृषि कुंआ बनवाया था। लेकिन भूमि खातेदारी खेताराम के नाम से होने के कारण कनेक्शन उनके नाम से हुआ था। इस कुंए पर लगातार वही काश्त कर रहें थे और बिल भी वही भर रहे थे। लेकिन मगनादेवी के पति की मौत के बाद उसके देवर ओमप्रकाश और देवरानी गीतादेवी ने उसके 81 वर्षीय लकवा पीड़ित ससुर को बिना कुछ समझाए, बिना कुछ बताएं गत 2 फरवरी 2022 को श्रीडूंगरगढ़ तहसील में कृषि कुंए वाली जमीन की वसीयत अपने नाम करवा ली। मगनादेवी देवी ने इस बारे में अपने ससुर से पूछा तो उन्होंने वसीयत बाबत कोई जानकारी नहीं होने की बात कही। पीड़िता के 4 नाबालिग बच्चे है जिनके भरण पोषण की समस्या खड़ी हो गई है। ऐसे में पीड़िता ने दोनों आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज करवाया है।



