May 21, 2026
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श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 4 नवम्बर 2022। श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र के तीन युवक नकली डीएपी सप्लाई में गिरफ्तार, नोखा क्षेत्र में नकली डीएपी बनाने की पकड़ी फैक्ट्री, डीएपी के लिए लगी कतारें, ऐसी अनेकों खबरें इन दिनों क्षेत्र में हैडलाईन बनी हुई है और इन खबरों के बीच सबसे अधिक परेशान है तो वह है किसान। किसानों के सामने डीएपी नहीं मिलने के कारण बिजाई में देरी होने का संकट है तो वहीं नकली डीएपी की चपेट में आने के बाद खेत, बीज और बिजाई सभी खराब होने का खतरा भी है। ऐसे में इन दिनों श्रीडूंगरगढ़ के किसानों के लिए सबसे बड़ा मुद्दा डीएपी की सप्लाई एवं असली-नकली डीएपी की पहचान करने का ही है। इन किसानों के लिए श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स लेकर आया है कृषि विभाग की एडवाईजरी और असली नकली डीएपी की पहचान करने के सरल सामान्य तरीकों की जानकारी। आप भी विस्तार से पढ़ें तथा क्षेत्र के सभी किसानों तक पहुंचाए।

ऐसे करें असली और नकली डीएपी की पहचान, इफको ब्रांड का थैला नहीं आया।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। नोखा में पकड़ी गई नकली डीएपी की फैक्ट्री में इफको एवं उत्तम ब्रांड के खाली थैले भी बरामद हुए थे एवं इन थैलों में भर कर नकली डीएपी ब्लैक मार्केट के माध्यम से किसानों को सप्लाई की जा रही थी। लेकिन बड़ी बात यह है कि सरकारी रिकार्ड में अभी तक इफको ब्रांड का एक थैला डीएपी भी श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र में सप्लाई नहीं हुआ है। ऐसे में इफको की डीएपी इधर उधर से लेने वाले किसानों को नकली डीएपी का शिकार होने का अनुमान है। श्रीडूंगरगढ़ कृषि अधिकारी सुरेन्द्र मारू ने बताया कि नकली डीएपी से बचने का सबसे सही तरीका यही बताया है कि किसान अधिकृत विक्रेताओं, सहकारी समितियों से ही डीएपी की खरीद करें। लेकिन फिर भी अगर किन्ही किसानों ने बाहर से डीएपी की खरीद की है तो उन्हें दो तरीकों से परीक्षण करना चाहिए। किसान डीएपी के दाने को हाथ के अंगूठे एवं हथेली के बीच में दबा कर रगड़े। रगड़ने पर अगर अमोनिया गैस की दुर्गंध आए तो डीएपी असली होगी अन्यथा नकली। इसी प्रकार असली डीएपी के दानों को गर्म तवे पर रखेगें तो वे मक्के के दानों की तरह उछलेगें। इस प्रयोग में अगर गर्म तवे पर ये दाने नहीं उछले तो समझे कि वो डीएपी नकली है।
कन्ट्रोल रेट से अधिक लेने पर देवें सूचना।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। सरकार द्वारा डीएपी की कन्ट्रोल रेट 1350 रुपए प्रति बैग एवं यूरिया की 267 रुपए दर निर्धारित की हुई है। किसान कहीं से भी डीएपी, यूरिया खरीदे उनसे अगर इससे अधिक रेट मांगी जाए तो वे कृषि विभाग को ब्लैकमार्केटिंग की शिकायत कर सकतें है। इसके लिए किसान कृषि अधिकारी सुरेन्द्र मारू को 94144-16444 पर जानकारी दे सकते है। मारू ने बताया कि किसानों को अधिकृत विक्रेताओं के अलावा अनाधिकृत पिकअप या अनाधिकृत स्थान पर डीएपी विक्रय की सूचना भी विभाग को देनी चाहिए। क्योंकि नकली डीएपी अनाधिकृत विक्रेताओं के माध्यम से ही किसानों को खपाई जा रही है।

ना हो पैनिक, भरपूर होगी सप्लाई।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। क्षेत्र में डीएपी की किल्लत के विषय पर कृषि विभाग के कृषि अधिकारी सुरेन्द्र मारू ने बताया कि किसानों को पैनिक होने की आवश्यकता नहीं है एवं वर्तमान में भी किल्लत किसानों द्वारा गेंहू की बिजाई के लिए डीएपी का स्टाक करने के प्रयास के कारण बढ़ रही है। वर्तमान में क्षेत्र में सरसों एवं चने की बिजाई हो रही है एवं गेंहू की बिजाई 15 नवम्बर के बाद होनी है। किल्लत को देखते हुए किसान गेंहू की बिजाई के लिए डीएपी का स्टाक करने का प्रयास कर रहे है जबकि शीघ्र ही क्षेत्र के लिए पूरी रैक आवंटित होने वाली है। डीएपी की किल्लत नहीं है एवं किसानों को आवश्यकतानुसार सप्लाई सहकारी समितियों के माध्यम से मिल सकेगी।