






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 14 जुलाई 2024। पूरे अंचल पर मानसून मेहरबान है और तीन दिन अंचल में जमकर बरसात हो रही है। रविवार को दोपहर तक सूर्य की तेज चमक रही और दोहपर 2 बजे बाद बादलों ने आसमान को घेर लिया। मौसम विभाग की संभावना के अनुरूप अंचल में खंड वर्षा हुई है। गांव पुंदलसर में बरसाती तुफान आया है। ग्रामीण प्रतापसिंह के घर में टीन शेड टूट गया जिससे बाखल में खड़ी स्कूल बस के शीशे टूट गए। यहां कुछ दूर में हवा का ऐसा दवाब बना की तेज तुफान की चपेट में आए पेड़ पोल भी गिर गए। गांव मणकरासर में भी तेज तुफान आया जिससे तोलाराम भूकर के खेत में 27 खेजड़ी के पेड़ गिर गए। आस पास के अन्य खेतों में भी खेजड़ी के पेड़ गिरे है। यहां कुछ बारानी खेतों में किसानों को नुकसान भी हुआ है। गांव गुसाईंसर बड़ा, डेलवां व समंदसर में भी तेज बरसात हुई है। इन गांवो की गुवाड़ में जलमग्न हो गई है व अनेक नीचले स्थानों पर भी पानी भर गया है। श्रीडूंगरगढ़ शहर में भी बूंदाबांदी की राहत मिली। अच्छी बरसात से किसानों के चेहरों पर चमक आ गई है। किसान बारानी व सींचित दोनों ही अच्छी बरसात से प्रसन्न है। बारानी खेतों के किसानों ने बताया कि इससे फसलों को लाभ होगा।
शहर में कीचड़, व्यापारी नाराज, समाजसेवी ने लिखा सीएम को पत्र।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। शुक्रवार रात आई बरसात के बाद शहर की गलियों व अनेक घरों में पानी भर गया। रविवार सुबह मुख्य बाजार में पसरे कीचड़ पर व्यापारियों ने नाराजगी जताई। व्यापारियों ने यहां दुकानें बंद कर सफाई किए जाने की मांग की। वहीं समाजसेवी तुलसीराम चोरड़िया ने सीएम भजनलाल शर्मा को पत्र लिखकर कस्बे के बाजार की गलियों का हाल बयान किया। चोरड़िया ने बताया कि शहर की सफाई व्यवस्था चौपट पड़ी है। गलियों में नालियों की सफाई नहीं होने के कारण पानी निकासी नहीं हो रही है जिससे जगह जगह कीचड़ पसरा है। चोरड़िया ने कहा कि सरकारी अस्पताल, बालिका विद्यालय, बैंक, पोस्ट आफिस के चारों और लंबे समय से पानी जमा है जहां से आमजन का आना जाना भी दुभर हो गया है। पालिका कर्मी ईओ नहीं होने, टैंडर नहीं होने का बहाना बनाकर कार्य नहीं किया जा रहा है। चोरड़िया ने क्षेत्र की जनता को राहत देने की मांग की है।
सूडसर, दुलचासर में जलभराव से ग्रामीण परेशान।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। सेरुणा-सूडसर सड़क मार्ग पर गोपालसर गांव के पास सड़क पर बरसाती पानी भरा होने से आम जनों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। गोपालसर गांव में बुड़िया धर्मकांटा से भूराराम बुड़िया के घर तक भारी मात्रा में बरसाती पानी भरा है। गत कई वर्षों से लगातार यहां कई कई दिनों तक पानी भरा रहने से सड़क जगह-जगह से टूट चुकी है। मुख्य सड़क पर भरे पानी के कारण आस पास के रहवासियों का घर से बाहर निकलना भी दुभर हो गया है। अनेक बार यहां पानी से भरे गहरे गड्ढे दिखाई नहीं देने पर कई मोटरसाइकिल सवार दुर्घटनाग्रस्त भी हुए है। ग्रामीणों ने बताया कि सानिवि ने सड़क बनाते समय इस ओर बिल्कुल ध्यान नहीं दिया। उन्होंने कहा कि यहां से राउप्रावि तक चार सौ मीटर सीवरेज लाइन डालकर तीन-चार चेम्बर बना दे तो इस समस्या से निजात मिल सकती है। फिलहाल सड़क पर पसरा बरसाती पानी कुदरती रूप से 10-12 दिनों में सूख पर ही निजात मिल पाती है। तब तक यहां से गुजरने वाले दो पहिया व तिपहिया वाहन चालकों को दो किलोमीटर अतिरिक्त सूडसर होकर आना जाना करना पड़ता है। वहीं एक ही स्थान पर लंबे समय तक बरसाती पानी पड़ा होने से यहां मौसमी बीमारियों के फैलने की संभावना भी बनी रहती है। ग्रामीणों ने ग्राम पंचायत एवं जिला प्रशासन से बरसाती पानी की निकासी की मांग की है।















