






श्रीडूंगरगढ टाइम्स 3 अगस्त 2022। आज श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र में एक फोटो वायरल हो रहा है जिस पर गाय का दूध नहीं पीने की बात लिखी गई है। इस बारे में श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स ने पड़ताल की तो पाया ये मैसेज फेक है और इसे वायरल करने से गौवंश के लिए खतरा बढ़ जाएगा। नागरिक इस मैसेज से भ्रमित होकर लंपी चर्म रोग से पीड़ित गाय से दूरी बना कर उसके लिए बीमारी से लड़ना मुश्किल नहीं करें। ब्लॉक पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. उत्तम सिंह भाटी ने बताया कि लंपी चर्म रोग में दूध का उत्पादन कम हो जाएगा परंतु दूध पीने से ये हरगिज इंसानों में नहीं आ सकती है। ऐसा कोई प्रमाण नहीं है और ये फेक मैसेज फैला कर कुछ नागरिक गौवंश के लिए मुश्किलें बढ़ा रहें है। भाटी ने कहा कि दूध वैसे भी 100 डिग्री सेल्सियस पर गर्म होता है और उसमें कोई वायरस या कीटाणु नहीं रह सकते है। अनेक गौसेवक भी गायों के खिलाफ इस मैसेज को वायरल नहीं करने की अपील कर रहें है।
उदरासर व पास के गांवो मे लंपी का कहर।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। गांव उदरासर, जालबसर, मणकरासर के आस पास के गांवो में लंपी चर्म रोग कहर बरपा रही है। इन गांवो में सैंकड़ो गौवंश इस बीमारी से जुझ रहा है। ग्रामीणों ने विभाग से अतिरिक्त चिकित्सा कर्मी की नियुक्ति कर ग्रामीणों की मदद करने की गुहार लगाई है। इस दौरान कई समाजसेवी युवा व संगठन गौसेवा में आगे आ रहें है। ऐसे समय गांव उदरासर के निजी पशु चिकित्सक महेंद्र जाखड़ अपने क्षेत्र के पशुपालकों को निःशुल्क दवा देकर सेवा दे रहा है। उन्होंने अपनी मेडिकल दुकान के आगे 24 घण्टे सेवा देने के बारे में चस्पा कर रहें है।







