






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 10 फरवरी 2023। श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स क्षेत्र में 50 हजार से अधिक पाठक प्रतिदिन वाला सर्वाधिक पाठकों का विश्वसनीय न्यूज पोर्टल है। क्षेत्र की अधिकांश जनता से सीधे जुडे होने के कारण टाइम्स के पास लगातार फीडबैक भी पाठकों का मिलता रहता है। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत द्वारा बजट पेश किया जा रहा है और राज्य के आम बजट में क्षेत्रवासियों को भी खासी उम्मीदें है। क्षेत्र की कुछ मांगे जनता के बीच से निकल कर सामने आई है और ऐसे में सर्वाधिक उठने वाली मांगो को श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स ने इस उम्मीद के बजट से पूर्व जनता के ही मंच पर रखने का प्रयास किया है।
ट्रोमा सेंटर- श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र बीकानेर-जयपुर नेशनल हाईवे, बीकानेर-दिल्ली स्टेट हाईवे एवं सुजानगढ़-लूणकरणसर स्टेट हाईवे इन तीनों प्रमुख सड़कों का केन्द्र है। यही कारण है कि इस क्षेत्र में लगातार हर रोज कोई ना कोई हादसा इन सड़कों पर हो ही जाता है व हर रोज जान-माल का व्यापक नुकसान क्षेत्रवासियों सहित इन सड़कों से गुजरने वाले लोगों को झेलना पड़ता है। क्षेत्र में इन सड़क हादसों में हर रोज होने वाली मौतों से क्षेत्रवासी खासे सहमे हुए है। क्षेत्र के लिए सबसे बड़ी आवश्यकता है ट्रोमा सेंटर की ताकी क्षेत्र के सड़क हादसों में हर रोज गंवाई जा रही जानों को बचाया जा सके।
रेलवे ओवरब्रिज – कुछ समय पहले ही सुजानगढ़ से लूणकरणसर तक स्टेट हाईवे 6ए का पुर्ननिमार्ण होने के बाद यह सड़क क्षेत्र की प्रमुख सड़क बन चुकी है एवं इसी समय में रेलवे द्वारा भी रेल संचालन की संख्या में व्यापक वृद्धी, रेलवे लाईन का विद्युतीकरण कर दिया गया है। ऐसे में श्रीडूंगरगढ़ में स्थित रेलवे फाटक क्षेत्र की बड़ी समस्या बन चुकी है। हालात यह है कि बीदासर रोड़ रेलवे लाईनों के दक्षिण में बसे हुए करीब 40 गांवों के लोगों के लिए लाईफलाईन बन गई है लेकिन रेल सेवाओं में वृद्धी के कारण इन दिनों 24 घंटें में से 20 से अधिक गाडियां यहां हर रोज गुजर रही है। ऐसे में दिन भर में 10 घंटे से अधिक समय तक यह फाटक बदं रहता है। रेलवे ओवरब्रिज के लिए क्षेत्र के नागरिक आंदोलनरत भी है एवं इस बजट में रेलवे ओवरब्रिज की भी बड़ी उम्मीद है।
रेलवे अंडरपास – श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र में श्रीडूंगरगढ़-दुसारणा कटानी मार्ग, दुलचासर-सांवतसर कटानी मार्ग पर रेलवे द्वारा रास्ते रोक दिए गए है एवं किसानों को बड़ी दिक्कतें हो रही है।
महात्मा गांधी विद्यालय का भवन भी क्षेत्र की बड़ी चुनोती है। यहां लगातार विद्यार्थियों की संख्या बढ़ रही है और कक्षाओं की कमी से बच्चे व स्टाफ जूझ रहा है। अनेक प्रयास स्टाफ द्वारा भी किए जा रहें है परंतु फिर भी सरकार द्वारा भवन निर्माण की स्वीकृति दी जाए तो राहत मिल सकेगी।
घुमचक्कर के पास बस स्टैंड– निर्माण की मांग अनेक वर्षों से लंबित है। गत दिनों से अतिक्रमण हटाने के दौरान एक बड़ा वर्ग यात्रियों का खासा परेशान हो रहा है। ऐसे में घुमचक्कर के पास ही बस स्टैंड का निर्माण भी क्षेत्र में चुनोती बना हुआ है। कस्बेवासी आस पास के कस्बों से काफी पिछड़ापन भी महसूस कर रहें है।
सीवरेज सिस्टम- शहर की गलियों में भरा पानी, अनेक नागरिक अपने ही घर आने जाने के लिए बड़ी दिक्कतों का अनुभव कर रहें है, बरसात में पूरा कस्बा बेहाल हो जाता है, प्रायः सभी मोहल्लों में घरों में पानी घुस जाने से जनता बेहाल होती है, इन्ही समस्याओं के चलते क्षेत्र का बड़ा सपना सीवरेज सिस्टम का भी है। जिसे इस बजट से पूरा होने की उम्मीद भी है।
रीको इंडस्ट्रियल एरिया की बड़ी मांग क्षेत्र में उपलब्ध संसाधनों को देखते हुए यहां के व्यापारी वर्षों से कर रहें है। हालांकि रेवेन्यू में बड़ा योगदान देने के बावजूद विकास में हिस्से की अनदेखी से क्षेत्र के कई जागरूक व्यापारी व्यथित है। उन्हें श्रीडूंगरगढ़ में रीको देने की उम्मीद कई वर्षों से है।
सरकारी महाविद्यालयों के भवन-श्रीडूंगरगढ़ में सरकारी श्रीडूंगरगढ़ महाविद्यालय के पास भवन नहीं होने से छात्र छात्राएं परेशान है वहीं डागा स्कूल में संचालित महाविद्यालय से स्कूल प्रशासन भी परेशान है। ऐसे में महाविद्यालय भवन निर्माण भी बजट में छात्रों को अपेक्षित है।
बजट पर हंगामा प्रारंभ हो गया है और बजट की पुरानी प्रति पढ़ने से विपक्ष ने बजट लीक होने के आरोप भी लगाए है। आधे घंटे के लिए सदन को स्थगित कर दिया गया है।



