






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 2 अक्टूबर 2021। गाँधीजी का स्वप्न था कि भारत के गांवो को मजबूत किया जाए और आज से प्रशासन गांवो के संघ अभियान को सफल बनाने के लिए राज्य सरकार ने सरपंच संघ व ग्राम विकास अधिकारी संघ की मांगे मानते हुए सरपंचाई की ताकत बढ़ा दी है। दोनों संघों ने आंदोलन समाप्त कर अभियान को सफल बनाने के लिए पूर्ण सहयोग की घोषणा की है। शुक्रवार को संघ व राज्य सरकार के बीच वार्ता सफल रही व पंचायतों की प्रशासनिक व वित्तीय स्वीकृति जारी करने की क्षमता 5 लाख से बढ़ा कर अब 10 लाख रु. तक का स्वीकृति पॉवर दिया है। संघ के प्रदेश प्रवक्ता रफीक पठान ने बताया कि अब ग्राम पंचायतें 5 लाख के स्थान पर 10 लाख रुपए की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति जारी कर सकेगी। इसके साथ ही सरपंचों व अन्य जनप्रीतिनिधियों के खिलाफ की जाने वाली शिकायतों में अब 50 रुपए का शपथ पत्र अनिवार्य कर दिया गया है। ग्राम पंचायत अब अखबारों व टीवी चैनलों में सजावटी विज्ञापन देने के आदेश जारी करने की अनुशंसा कर दी गई है। प्रशासन गांवो के संघ शिविर की खर्च राशि 50 हजार से बढ़ा कर 1 लाख कर दी गई है। खाद्य सुरक्षा पोर्टल पर नाम जुड़वाने के लिए इसे खुलवाने के लिए भी खाद्य आपूर्ति विभाग को पत्र लिखा गया है। सरकार ने ग्राम विकास अधिकारियों के जिला स्थानांतरण नीति को अनुमोदित कर दिया है और कैबिनेट की मंजूरी के बाद आदेश जारी कर दिए जाएंगे।
पंचायत समिति की जगह ग्राम पंचायत स्तर पर होंगे कई टेंडर हो सकेंगे। बता देवें वी.डि.ओ. के कलम बन्द व सामूहिक अवकाश पर जाने के बाद प्रशासन गांवो के संग अभियान को सफल करना नामुमकिन था और सरकार ने शुक्रवार को वार्ता कर समाधान निकाल लिया है। आज से गांवो में प्रशासन गांवो के संग अभियान प्रारंभ हो रहें है।



