






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 26 अक्टूबर 2024। तेरापंथ भवन धोलिया नोहरा में आयोजित 25 दिवसीय योग व प्राकृतिक चिकित्सा के नि:शुल्क शिविर का आयोजन शनिवार सुबह समारोह पूर्वक संपन्न हुआ। समारोह में मुख्य अतिथि समाजसेवी ओमप्रकाश राठी ने योग व प्राकृतिक चिकित्सा का नियमित और सत्त अभ्यास करने की प्रेरणा दी। राठी ने कहा कि स्वस्थ शरीर ही जीवन की अमूल्य धरोहर है और इसे स्वस्थ रखने के लिए प्रकृति के करीब रहना व योग का नियमित अभ्यास करना अनिवार्य है। राठी ने आधुनिक जीवन में बढ़ रहें तनाव के माहौल में योग व प्रकृति को शांति, संतोष व सुकुन देने वाला बताया। उन्होंने श्रीमद आचार्य तुलसी महाप्रज्ञ साधना संस्थान के द्वारा दिवंगत धर्मचंद पुगलिया की स्मृति में धर्मचंद भीखमचंद पुगलिया चेरिटेबल ट्रस्ट के आर्थिक सहयोग से आयोजित शिविर में लाभार्थियों के अनुभव पूछे व ट्रस्ट का आभार जताया। साधना संस्थान के मंत्री मालचंद सिंघी ने संस्थान द्वारा आयोजित किए जाने वाले जन उपयोगी शिविरों के बारे में जानकारी दी। सिंघी ने शिविर सहयोगी ट्रस्ट की प्रमुख ट्रस्टी सुशीला पुगलिया का आभार जताया। प्राकृतिक चिकित्सक राधेश्याम पारीक ने स्वस्थ रहने के लिए नौ सूत्रीय मंत्र बताया। योगगुरू ओमप्रकाश कालवा ने विभिन्न योग और प्राणायाम से किन असाध्य रोगों से मुक्ति मिल सकती है के बारे में विस्तृत जानकारी दी। बेल्जियम से आए योग शिक्षक मनोज कुमार भनोत ने वर्तमान जीवन में योग की उपयोगिता के बारे में विस्तार से चर्चा की। समारोह की अध्यक्षता तेरापंथ सभा अध्यक्ष सुशीला पुगलिया ने की। पुगलिया ने क्षेत्र के सभी नागरिकों के स्वस्थ, समृद्ध,और संपन्न होने की कामनाएं की। उन्होंने कहा कि कस्बे के भामाशाहों और संस्थाओं को मिलकर संयुक्त रूप से इस प्रकार के आयोजन करवाने चाहिए जिससे मानवता की सार्थकता कायम रह सकें। समारोह में प्राकृतिक चिकित्सक राधेश्याम पारीक, रविप्रकाश पारीक, योगाचार्य ओमप्रकाश कालवा, दामोदर बोहरा, हरिराम सहारण, राकेश पडिहार, गुड़िया नैन, योगानंद कालवा, योगिता कालवा को प्रतीक चिन्ह देकर संस्थान की ओर से सम्मानित किया गया। इस अवसर पर प्रदीप पुगलिया, संजय बरडिया, श्रीगोपाल राठी, सुशील सेरडिया, संजय करवा, बजरंग भोजक, सत्यदीप सेवग, सीताराम नाई पटवारी, चैनाराम पटवारी, हरिप्रसाद भादू, गुलाबचंद भोजक, टी एस एस के प्रशासक सूर्य प्रकाश गांधी, भवन के मैनेजर तोलाराम पुगलिया, सारिका राठी, श्यामसुंदर चांडक, निर्मल पुगलिया, मोहनलाल खंडेलवाल सहित अनेक मौजिज नागरिक शामिल हुए। समारोह का संचालन विजय राज सेवग ने किया। सेगव ने भामाशाह भीखमचंद पुगलिया के समाजहित व मानव कल्याण के लिए किए जाने वाले कार्यों के बारे में जानकारी दी।





