May 21, 2026
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श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 25 अक्टूबर 2025। गत 11 माह से गौ सेवा के हक का अनुदान गौशालाओं को नहीं दिया जा रहा है, ऐसे में गौशालाओं के संचालन को लेकर संकट मंडराने लगा है। संचालक उधार चारा लेकर परेशान हो गए है और सरकार से सुनवाई किए जाने की लगातार ज्ञापन देकर मांग कर रहें है। सरकार ने इस आवाज को अनसुना कर रखा है जिससे परेशान गौसेवी संस्थाओं द्वारा व्यापक स्तर पर बीकानेर में आगामी 7 नवंबर को राज्य व्यापी आंदोलन का शंखनाद किया जाएगा। गौ ग्राम सेवा संघ और बीकानेर गौशाला संघ के बैनर तले आगामी 7 नवंबर 2025 को गौशाला बचाओ महाआंदोलन बीकानेर से प्रारंभ होगा। यहां बीकानेर संभाग के जिले हनुमानगढ़, श्रीगंगानगर, चूरू सहित डीडवाना व कुचामन की गौशालाएं शामिल होगी। इसके बाद अन्य संभाग स्तार पर भी आंदोलन प्रदर्शन के आयोजन होंगे और महाआयोजन जनवरी 2026 में राजधानी जयपुर में विशाल धरने के रूप में होगा। गौ ग्राम सेवा संघ अध्यक्ष सुरजमालसिंह निमराणा और महा आंदोलन के संयोजक जगदीश सिंह राजपुरोहित तोलियासर ने बताया कि वर्तमान सरकार गौशालाओं को आर्थिक सहायता का अनुदान मिले, 11 माह हो चुके हैं, 11 महीने से गौशालाएं आर्थिक तंगी से गुजर रही है, गौशाला के यह हालात बन गए हैं, कि उन्हें गोवंश छोड़ने पर मजबूर होना पड़ रहा है। उधर सरकार नई-नई योजनाएं गौशालाओं पर थोप रही है, बिना कारण गौशालाओं को प्रताड़ित किया जा रहा है। इन विषयों को लेकर एक व्यापक जन आंदोलन की रणनीति बनाई गई, ताकि गौशालाओं को सरलता से अनुदान मिल सके, वह गौशालाओं का उत्पीड़न बंद हो। संघ के उपाध्यक्ष सत्यनारायण स्वामी व श्रीडूंगरगढ़ तहसील अध्यक्ष मालाराम सारस्वत बापेऊ ने सरकार द्वारा भूमि अधिग्रहण में गोचर, ओरण जोहड़ पायतान की भूमियां लेने की मंशा पर आपत्ति जताई व इसका विरोध करने की बात कही। इन्होंने कहा कि अनुदान नहीं मिलने से गौशालाए बंद होने की कगार पर पहुंच गई है। वहीं प्रदर्शन को लेकर गौशाला संचालकों, गौभक्तों व गौसेवकों को शामिल होने का आह्वान किया जा रहा है।