






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 8 जनवरी 2025। श्रीडूंगरगढ़ युवा परिषद, भिवंडी द्वारा भिवंडी के एमएच 04 ग्राउंड पर एसडीवाईपी (SDYP) प्रीमियर लीग का जबरदस्त आयोजन किया गया। कार्यक्रम में करीब 250 प्रवासी पूरे परिवार सहित शामिल हुए। रविवार सुबह की चाय से प्रारंभ हुआ ये आयोजन धूमधाम से देर रात तक संपन्न हुआ। कार्यक्रम में भिंवडी, डोम्बिवली, थाने, भायंदर, कालबा देवी, अंधेरी जॉन के प्रवासी परिवार शामिल हुए। वहीं सूरत, अहमदाबाद व पूना से भी अनेक प्रवासी आयोजन देखने व खेलने पहुंचे।
300 खिलाड़ियों ने खेला क्रिकेट।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। रंगारंग आयोजन में टर्फ टूर्नामेंट का सीजन चार संपन्न हुआ। जिसमें प्रवासी नागरिकों के 300 खिलाड़ियों ने भाग लिया। खेल में पुरूषों सहित महिलाओं व बच्चों ने भी बढ़चढ़ कर हिस्सा लिया। टूर्नामेंट में कुल 26 टीमों ने भाग लिया जिनमें 12 टीमों के साथ 40 वर्षीय पुरूषों की 6 टीमें, 16 वर्षीय युवाओं की 4 टीमें, महिलाओं की 4 टीमें शामिल हुई। दिनभर रोमांचक मैच खेले गए और हर उम्र वर्ग के प्रवासी दर्शकों ने उत्साह के साथ जमकर हूटिंग की। इसमें पुरूषों की टीम में “बूम-बूम ब्लास्टर”, महिलाओं की “लेडी स्टाइकर्स” और बच्चों की “किंग ऑफ श्रीडूंगरगढ़” टीमों ने विजेता का खिताब जीता।
राधा कृष्ण की ट्रॉफियां रही विशेष आकर्षण।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। आयोजक श्रीडूंगरगढ़ युवा परिषद, भिवंडी के सदस्यों ने बताया कि विशेष आकर्षण राधा कृष्ण की ट्रॉफियां रही। ट्रॉफी का इनोग्रेशन शानदार कृष्ण लीला के प्रदर्शन के साथ किया गया। राधा कृष्ण के भजनों पर विशेष प्रस्तुतियां हुई। कार्यक्रम में शामिल सभी लोग राधा कृष्ण के प्रेम के वश झूमने लगे व कार्यक्रम का खूब आनंद लिया।
गांव से जुड़ाव व युवा बच्चें जाने संस्कृति का महत्व।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। मिलने मिलाने के स्नेह, एक दूसरे के सुख दुख में जुड़े रहने के साथ अपने गांव से जुड़ाव, हमारी संस्कृति से पहचान व आपसी सहयोग भावना से सभी प्रवासी आयोजन में बढ़चढ़ कर भाग लेते हुए इसे सफल बनाते है। संस्था के अध्यक्ष जुगल चांडक ने बताया कि कार्यक्रम का लगातार ये चौथा सफल आयोजन था। आयोजन का लक्ष्य भावी पीढ़ी को गांव से जोड़े रखने व आपसी सौहार्द बनाएं रखने के उद्देश्य से किया जाता है। इसमें सभी प्रवासी परिवार सहयोगी बनते है। चांडक ने सभी का आभार जताते हुए आगामी वर्षों में इस परंपरा को कायम रखने का विश्वास जताया।







