






नहीं रहें मालाराम सिंवल।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। क्षेत्र के गांव मोमासर की राजनीति में खासी दखल रखने वाले मालाराम सिंवल का गुरूवार को निधन हो गया। सिवंल ग्राम सेवा सहकारी समिति मोमासर के करीब 15 साल अध्यक्ष रहें। उनके साथियों ने बताया कि वे सकारात्मक विचारों के धनी थे व परहित के सिद्धांत पर जीवन जीने वाला व्यक्तित्व था। उनके निधन की खबर से गांव में शोक की लहर छा गई। वे अपने पीछे भरा पूरा परिवार छोड़ कर गए है।

ट्रोमा सेंटर निर्माण के लिए राजे को दिया ज्ञापन।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। श्रीडूंगरगढ़ में ट्रोमा सेंटर निर्माण शीघ्र प्रारंभ करवाने की मांग को लेकर संघर्ष समिति के सदस्यों ने पूर्व सीएम वसुंधरा राजे को ज्ञापन सौंपा। समिति के आशीष जाड़ीवाल ने बताया कि क्षेत्र में आए दिन ट्रोमा के अभाव में अनेक घरों के कुलदीपक सड़क हादसों में जान गवां कर बूझ रहें है। ऐसे में क्षेत्र की सबसे बड़ी मांग ट्रोमा सेंटर की ही है। करन जाड़ीवाल ने बताया कि इस दौरान समिति के हरिप्रसाद सिखवाल, राजेंद्र स्वामी, जावेद बेहलीम, राजाराम गोदारा, रामनिवास बाना, मदनलाल प्रजापत, रामकिशन गांवड़िया, भंवरलाल प्रजापत, डूंगराराम महिया सहित अनेक सदस्य शामिल रहें। सभी ने एक स्वर में ट्रोमा सेंटर का निर्माण प्रारंभ करवाने में सहायता करने की मांग की, इस पर राजे ने अपने स्तर पर पूरे प्रयास करने का आश्वासन दिया।

झूलेलाल मंदिर में शुरू हुआ चालीहा महोत्सव।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। प्रतिवर्ष की भांति झूलेलाल मंदिर में 21 मई से सद्गुरू साईं टेऊंरामजी चालीहा महोत्सव प्रारंभ हुआ। सिंधी समाज के लोग महोत्सव में बढ़चढ़ कर भागीदारी निभा रहें है। समाज के रवि रिझवानी ने बताया कि 30 जून तक आयोजित होने वाले चालीहा महोत्सव में विभिन्न धार्मिक आयोजित होंगे जिनमें समाज की महिलाएं, पुरूष बच्चें व बुजुर्ग समान रूप से शामिल होते है। बुधवार को शाम करीब 7 बजे से भजन संध्या का आयोजन हुआ जिसमें मुरलीधर संगवानी ने भजन आरती गाए, पल्लव, भोग के पश्चात धर्मेंद्र संगवानी द्वारा सतनाम साक्षी माला की गई। वहीं प्रसाद वितरण भी किया गया।

भागवत के अंतिम दिन कथावाचक ने सच्चे मित्र की पहचान बताई, गौशाला को मिला जीपी कोड, भव्य जागरण का आयोजन संपन्न हुआ।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। गांव दुसारणा की श्रीकृष्णा गौशाला में आयोजित सप्त दिवसीय भागवत कथा बुधवार को विधिवत रूप से संपन्न हुई। कथा के अंतिम दिन कथावाचक पंडित प्रकाश तिवाड़ी ने सुदामा चरित्र और परीक्षित मोक्ष आदि प्रसंगो का सुदंर वर्णन किया। उन्होंने कहा कि मित्रता कैसे निभाई जाए ये सुदामा व कृष्ण प्रसंग से सीखना चाहिए। आज जब किसी पर भरोसा करना असंभव सा हो गया है तो इस काल में भी मित्रता के मूल्यों की पुर्नस्थापना होनी चाहिए। गरीबी के बावजूद जितेंद्रिय सुदामा सदैव ध्यान में मग्न रहते। पत्नी के आग्रह पर वे द्वारकाधीश से मिलने पहुंचे और कृष्ण मित्र आगमन का समाचार सुनकर नंगे पांव दौड़े आए। भगवान ने मित्र की दीनता देखी बिना कुछ कहे सुने चुपचाप से उनकी फुस की कुटिया को महल बना दिया। भगवान भक्त की विपदा का तारण करने जरूर आते है। वहीं परीक्षित के परमधाम जाने की कथा सुनाई। श्रद्धालुओं ने कृष्ण लीलाओं में भक्ति व प्रेम का अनुभव किया और भजनों पर खूब झूमे। कथा के अंतिम दिन दुलचासर जयमल दास महाराज की पावन गद्दी के महंत तिलोकदास महाराज कथा में पहुंचे। कथा में गोपालन विभाग बीकानेर से गोपालसिंह नाथावत, गौ सेवा संघ के कार्यकारी प्रदेशाध्यक्ष सूरजमाल सिंह नीमराना, गौशाला संघ के जिला अध्यक्ष महेंद्रसिंह तंवर लखासर, गौशाला संघ के सत्यनारायण स्वामी भी कथा में शामिल हुए। गोपालसिंह नाथावत ने प्रसन्नता जताते हुए जानकारी दी कि इस गौशाला के जीपी कोड जारी हो गए और लाइसेंस भी बन गया है। गौशाला कमेटी एवं व्यास पीठ से सभी अतिथियों का सम्मान किया गया। कमेटी सदस्यों ने बताया कि भागवत कथा के सात दिनों में गौशाला निर्माण एवं गौ सेवा हेतु दानदाताओं ने करोड़ों रुपए की घोषणाएं की है। समिति ने सभी दानदाताओं वे ग्रामीणों का आभार जताया।



भव्य जागरण का हुआ आयोजन।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। श्रीकृष्ण गौशाला में बुधवार रात से गुरूवार सुबह भजनों की स्वर लहरियां गुंजती रही। यहां विशाल जागरण का आयोजन किया गया। जागरण में प्रसिद्ध भजन कलाकार ओम मुंडेल, सुनीता स्वामी व राजू स्वामी ने अपने भजनों की प्रस्तुतियां दी। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में भजनप्रेमियों ने भाग लिया। दुसारणा सहित आस पास के ग्रामीण भजन सुनने पहुंचे। जागरण के दौरान गौसेवार्थ अनेक घोषणाएं हुई। गौसेवा समिति के सदस्यों ने सभी दानदाताओं का आभार जताया।



