






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 9 नवम्बर 2022। सरकार ने गर्भवती महिलाओं के स्वास्थ्य और सुरक्षा की जिम्मेदारी जिन्हें दे रखी है उन्ही ने अवैध गर्भपात के चक्कर मे एक गर्भवती युवती की जान ले ली। इस सबंध में मृतका के जेठ की रिपोर्ट पर आरोपी एएनएम और आशा सहयोगिनी के खिलाफ धारा 314 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार परिवादी कस्बे के वार्ड एक निवासी बालाराम मेघवाल ने जिला पुलिस अधीक्षक के यहां पेश होकर अपनी परिवाद दी। इस परिवाद में बालाराम ने बताया कि उसके छोटे भाई की पत्नी पार्वती चार माह की गर्भवती थी और गत 7 अक्टूबर को वह मोहल्ले की आशा सहयोगिनी अन्नपूर्णा के पास गई। वहां से अन्नपूर्णा उसे सुलोचना एएनएम के पास ले गई और उसने सोनोग्राफी करवाते हुए उसे दवाइयां दी। बाद में 10 अक्टूबर को सुलोचना ने गर्भवती पार्वती को बिग्गाबास स्थित अपने घर बुलाया और अवैध रूप से उसका गर्भपात करवा दिया। अवैध गर्भपात के बाद गर्भवती को अपने घर भेज दिया और वहां रात को उसकी तबियत ज्यादा बिगड़ गई। इस पर उसे बीकानेर पीबीएम ले गए जहां चिकित्सकों ने अवैध और अधूरा गर्भपात होने की जानकारी उन्हें दी ओर इसी कारण तबियत बिगड़ने की बात कही। बाद में 12 अक्टूबर को पार्वती की मृत्यु हो गई। इस सबन्ध में परिजन थाने भी गए लेकिन कोई कार्रवाई नही की गई तो घटना के करीब 1 माह बाद जिला पुलिस अधीक्षक के यहां पेश होकर न्याय मांगा गया है। जिला पुलिस अधीक्षक के निर्देशों पर आशा सहयोगिनी और एएनएम के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।




