May 21, 2026
15 अप्रैल 2021 के पंचांग के साथ जाने और भी कई खास बातें आचार्य विष्णुदत्त शास्त्री के साथ।

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 15 अप्रैल 2021। 🚩श्री गणेशाय नम:🚩

 

शास्त्रों के अनुसार तिथि के पठन और श्रवण से माँ लक्ष्मी की कृपा मिलती है ।

वार के पठन और श्रवण से आयु में वृद्धि होती है।

नक्षत्र के पठन और श्रवण से पापो का नाश होता है।

योग के पठन और श्रवण से प्रियजनों का प्रेम मिलता है। उनसे वियोग नहीं होता है ।

*करण के पठन श्रवण से सभी तरह की मनोकामनाओं की पूर्ति होती है ।

इसलिए हर मनुष्य को जीवन में शुभ फलो की प्राप्ति के लिए नित्य पंचांग को देखना, पढ़ना चाहिए ।

 

📜आज का पंचांग 📜

 

☀ 15 – Apr – 2021

☀ Sri Dungargarh, India

 

☀ पंचांग

🔅 तिथि  तृतीया  15:28:59

🔅 नक्षत्र  कृत्तिका  20:33:01

🔅 करण :

गर  15:28:59

वणिज  28:49:05

🔅 पक्ष  शुक्ल

🔅 योग  आयुष्मान  17:18:44

🔅 वार  गुरूवार

 

☀ सूर्य व चन्द्र से संबंधित गणनाएँ

🔅 सूर्योदय  06:09:40

🔅 चन्द्रोदय  08:03:00

🔅 चन्द्र राशि  वृषभ

🔅 चन्द्र वास दक्षिण

🔅 सूर्यास्त  18:59:01

🔅 चन्द्रास्त  21:55:00

🔅 ऋतु  वसंत

 

☀ हिन्दू मास एवं वर्ष

🔅 शक सम्वत  1943  प्लव

🔅 कलि सम्वत  5123

🔅 दिन काल  12:49:21

🔅 विक्रम सम्वत  2078

🔅 मास अमांत  चैत्र

🔅 मास पूर्णिमांत  चैत्र

 

☀ शुभ और अशुभ समय

☀ शुभ समय

🔅 अभिजित  12:08:42 – 12:59:59

☀ अशुभ समय

🔅 दुष्टमुहूर्त :

10:26:07 – 11:17:24

15:33:52 – 16:25:09

🔅 कंटक  15:33:52 – 16:25:09

🔅 यमघण्ट  07:00:57 – 07:52:14

🔅 राहु काल  14:10:31 – 15:46:41

🔅 कुलिक  10:26:07 – 11:17:24

🔅 कालवेला या अर्द्धयाम  17:16:27 – 18:07:44

🔅 यमगण्ड  06:09:40 – 07:45:50

🔅 गुलिक काल  09:22:00 – 10:58:10

☀ दिशा शूल

🔅 दिशा शूल  दक्षिण

 

☀ चन्द्रबल और ताराबल

☀ ताराबल

🔅 भरणी, कृत्तिका, रोहिणी, मृगशिरा, पुनर्वसु, आश्लेषा, पूर्वा फाल्गुनी, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, चित्रा, विशाखा, ज्येष्ठा, पूर्वाषाढ़ा, उत्तराषाढ़ा, श्रवण, धनिष्ठा, पूर्वाभाद्रपद, रेवती

☀ चन्द्रबल

🔅 वृषभ, कर्क, सिंह, वृश्चिक, धनु, मीन

 

 

📜 चोघडिया 📜

 

🔅शुभ  06:09:40 –   07:45:50

🔅रोग  07:45:50 –   09:22:00

🔅उद्वेग  09:22:00 –   10:58:10

🔅चल  10:58:10 –   12:34:20

🔅लाभ  12:34:20 –   14:10:31

🔅अमृत  14:10:31 –   15:46:41

🔅काल  15:46:41 –   17:22:51

🔅शुभ  17:22:51 –   18:59:01

🔅अमृत  18:59:01 –   20:22:43

🔅चल  20:22:43 –   21:46:25

🔅रोग  21:46:25 –   23:10:07

🔅काल  23:10:07 –   24:33:49

🔅लाभ  24:33:49 –   25:57:31

🔅उद्वेग  25:57:31 –   27:21:13

🔅शुभ  27:21:13 –   28:44:55

🔅अमृत  28:44:55 –   30:08:37

 

 

❄️लग्न तालिका ❄️

 

🔅 मेष  चर

शुरू: 06:08 AM  समाप्त: 07:44 AM

 

🔅 वृषभ  स्थिर

शुरू: 07:44 AM  समाप्त: 09:40 AM

 

🔅 मिथुन  द्विस्वाभाव

शुरू: 09:40 AM  समाप्त: 11:55 AM

 

🔅 कर्क  चर

शुरू: 11:55 AM  समाप्त: 02:15 PM

 

🔅 सिंह  स्थिर

शुरू: 02:15 PM  समाप्त: 04:32 PM

 

🔅 कन्या  द्विस्वाभाव

शुरू: 04:32 PM  समाप्त: 06:49 PM

 

🔅 तुला  चर

शुरू: 06:49 PM  समाप्त: 09:08 PM

 

🔅 वृश्चिक  स्थिर

शुरू: 09:08 PM  समाप्त: 11:27 PM

 

🔅 धनु  द्विस्वाभाव

शुरू: 11:27 PM  समाप्त: अगले दिन 01:31 AM

 

🔅 मकर  चर

शुरू: अगले दिन 01:31 AM  समाप्त: अगले दिन 03:14 AM

 

🔅 कुम्भ  स्थिर

शुरू: अगले दिन 03:14 AM  समाप्त: अगले दिन 04:43 AM

 

🔅 मीन  द्विस्वाभाव

शुरू: अगले दिन 04:43 AM  समाप्त: अगले दिन 06:08 AM

 

विशेष – नवरात्रि के तृतीय दिवस मे भगवती चंद्रघंटा की आराधना की जाती है

 

❇️ गणगौर पुजा

❇️मत्स्य जयंती

 

पं. विष्णुदत्त शास्त्री (8290814026)