






विक्रम स्वामी
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 7 मार्च 2024। गुरूवार को श्रीडूंगरगढ़ में भाजपा के उपमुख्यमंत्री प्रेम कुमार बैरवा श्रीडूंगरगढ़ आए। उनके साथ केंद्रीय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल, हवामहल विधायक बालमुकुंदाचार्य व विधायक ताराचन्द सारस्वत रहें। यही कन्या महाविद्यालय के लोकार्पण समारोह में मंच पर बोलने वाले अतिथि रहें। इन सभी ने लोक सभा चुनावों को देखते हुए भाजपा के लिए वोट मांगे। अबकी बार 400 पार का नारा भी मंच से बुलंद हुआ वहीं बीकानेर से भाजपा प्रत्याशी की विद्वता बताते हुए उपमुख्यमंत्री ने भी उनके लिए वोट मांगे। पढें श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स के विक्रम स्वामी की विशेष रिपोर्ट-
मोदी राष्ट्रीय संत- बालमुकुंद
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। आयोजन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नाम सभी वक्ताओं ने लिया और विधायक बालमुकुंदाचार्य ने तो राष्ट्रीय सन्त और प्रधानमंत्री कह कर एक नई चर्चा छेड़ दी। उन्होंने मोदी को राष्ट्रीय सन्त की उपाधि पर बिठाते हुए नया भाजपाई प्रयास किया। आजकल भाजपा मोदी को धर्म रक्षक की तरह प्रमोट कर रही है और यही प्रयास श्रीडूंगरगढ़ में भी नजर आया। कार्यक्रम में सभी वक्ताओं ने मोदी का नाम लेकर 2014 के बाद देश में ऐतिहासिक परिवर्तन होने के बाद अब भाजपा पर ही विश्वास जताने की अपील भी की। समारोह में पूर्व विधायक बिहारीलाल सहित अनेक स्थानीय भाजपा नेता कार्यकर्ता कार्यक्रम में शामिल हुए।
अर्जुनराम ने ली चुटकी।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। सांसद अर्जुनराम मेघवाल समारोह में आते ही अभिभावक की सी भूमिका में आ गए और प्रदेश के नेताओं का नेतृत्व करते हुए संचालन की कमान थाम ली। उन्होंने मरूधरा से प्रेम पर चर्चा करते हुए गीत गाया की खेजड़ी के खोखा म्हाने प्यारा लाग, तो वे स्वयं हंस पड़े और बोले खोखे के दूसरे अर्थ से ज्यादा मतलब रखने वाले लोग और पार्टी से दूर रहें। उन्होंने विधायक खरीद फरोख्त की ओर इशारा करते हुए कांग्रेस से दूर रहने व भाजपा का साथ देने की बात कही।
तैयारी धरी रह गयी।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। आयोजक परिवार सहित छात्राओं ने अनेक कार्यक्रमों की प्रस्तुति के लिए तैयारियां की परन्तु उपमुख्यमंत्री के आने पर उनके समयाभाव के कारण अधिकांश तैयारी धरी रह गयी। सरस्वती वंदना व स्वागत गीत के गायन भी उनके जाने के बाद हुए। महाविद्यालय प्रबंधन भी ठीक से नेताजी के स्वागत नहीं कर पाया। कार्यक्रम की व्यवस्था भी इससे बाधित हुई।
बीती ताहि बिसार दई, शुरुआत वाले नेता नहीं दिखे।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। श्रीडूंगरगढ़ में कन्या महाविद्यालय की घोषणा व इस घोषणा को मूर्त रूप देने की शुरुआत करने वाले नेता अब लोकार्पण पर नहीं दिखे। गत सरकार के कार्यकाल के दौरान राज्य में कई कॉलेजों की घोषणा हुई इनमे से अधिकांश अभी भी कागजी तौर पर ही चल रहे हैं। लेकिन श्रीडूंगरगढ़ में इस कॉलेज को मूर्त रूप देने के लिए तत्कालीन विधायक गिरधारी लाल महिया के प्रयास उल्लेखनीय रहे। उस दौरान ही महिया ने पद स्वीकृत करवाने, कार्मिक लगवाने, फर्नीचर देने, भूमिदानदाता मोहनलाल डागा को भूमिदान हेतु एवं जतनलाल पारख को भवन निर्माण हेतु प्रेरणा देने में भी अपनी भूमिका निभाई। उस दौरान शिलान्यास समारोह में महिया की धमक भी दिखी। लेकिन लोकार्पण समारोह पूरी तरह से भाजपामय दिखा व हालात यही दिखे की बीती ताहि बिसार दे। हालांकि पारख परिवार द्वारा पूर्व विधायक महिया को बतौर विशिष्ट अथिति निमंत्रित किया गया। लेकिन खराब स्वास्थ्य का हवाला देते हुए महिया इसमें शामिल नहीं हुए। अब महिया को तो पता ही था कि लोकसभा चुनाव की छाया में मंच से भाजपा नेता भाजपा के लिए वोट तो मांगेंगे ही तो वो कैसे शामिल होते।
जोशी-स्वामी की सक्रियता दिखी।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। इस पूरे आयोजन में क्षेत्र में 2 नए कार्यकर्ताओ की सक्रियता खासी चर्चित हुई। भवन निर्माण कार्यो से जुड़े अनिल जोशी एंव श्यामसुंदर स्वामी की इस पूरे आयोजन में खासी सक्रियता रही। स्थानीय व्यवस्थाओं के साथ साथ उपमुख्यमंत्री को एयरपोर्ट पर रिसीव करने सहित सभी जगहों पर ये दोनों नाम आगे दिखे। इनकी सक्रियता एंव उपमुख्यमंत्री से इनकी नजदीकी भी क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है।
जयपुर से जयपुर तक सुपर सारस्वत का प्रोटोकॉल।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। श्रीडूंगरगढ़ में भाजपा से जुड़ा कोई भी विशेष मौका हो एक चेहरा हमेशा विशेष जिम्मेदारी के साथ नजर आता है। गत पालिकाध्यक्ष चुनाव हो या पालिका का उपचुनाव हो, विधायक चुनाव हो या विधानसभा चुनावों में विभिन्न बड़े कार्यक्रमों के आयोजन हो, भाजपा से जुड़े हर आयोजन में मुख्य भूमिका भाजपा विधायक ताराचंद सारस्वत के पुत्र राजेश सारस्वत की नजर आती रही हैं। गुरुवार के आयोजन में भी उपमुख्यमंत्री बैरवा व भाजपा के फायरब्रांड विधायक आचार्य बालमुकुंद को हेलीकॉप्टर के माध्यम से जयपुर से बीकानेर तक लाने, वापस ले जाने में यही चेहरा सक्रिय दिखा। राजेश सारस्वत इन नेताओं के साथ ही हेलीकॉप्टर में ही आये थे एवं उनके साथ ही हेलीकॉप्टर में लौट कर साथ गए थे।




