






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 23 दिसम्बर 2020। सोमवार से चल रहे क्षेत्र में पालिका द्वारा विवादित अतिक्रमण हटाओ अभियान के बाद क्षेत्र में चर्चाओं का दौर चरम पर है एवं साथ ही राजनीतिक हलकों में भी राजनैतिक शह पर की गई इस कार्रवाई का असर देखा जा रहा है। बुधवार को अखिल राष्ट्रीय सारस्वत समाज कुण्डिया अग्रणी महासमिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने प्रेस से बातचीत कर आंदोलन का आगाज करने की बात कही वहीं दूसरी और गौरक्षनाथ बस्ती, तेजा कॉलोनी में स्थित गौरखनाथ मंदिर में प्रसाशन से पीड़ित लोगों ने प्रशासन की सद्बुद्धि के लिए हवन किया। गौरक्षनाथ बस्ती, तेजा कॉलोनी संघर्ष समिति के हेमनाथ जाखड़ ने बताया कि एक वर्ष पूर्व इन दोनों बस्तियों में भी पालिका ने अवैध कार्रवाई की थी और तब से अभी तक लगातार उस कार्रवाई के विरोध में आंदोलन चलाया जा रहा है। इन बस्तियों में गरीबों को उजाड़ने की पहली बरसी पर पालिका ने खातेदारी आवंटित खेत में कार्रवाई कर अपनी तानाशाही फिर से दिखाई है। ऐसे में अब आंदोलन को और अधिक उग्र किया जाएगा। सद्बुद्धि हवन में किशन गोदारा, सुभाष कमलिया, भवानी प्रकाश, जितेन्द्र माली, राजेश शर्मा, काशीराम तावनियाँ, गणेशराम कायल, रमेश, बजरंगलाल आदि लोगों ने आहुतियां दी। इस मौके पर खातेदारी खेत में की गई कार्रवाई को अवैध बताते हुए पूर्व में संभागीय आयुक्त द्वारा इस प्रकरण में कन्हैयालाल माली के पक्ष में दिए गए फैसले की कॉपी भी सार्वजनिक की गई। जाखड़ ने राजनैतिक शह पर की जा रही तानाशाही कार्रवाई के विरोध में सभी का साथ मांगा एवं सुषुप्त रहने पर अगला नम्बर शहर में किसी भी गरीब का आ जाने का अंदेशा जताया है।



