






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 27 अप्रैल 2022। देश के सबसे बड़े आईपीओ का महीनों से इंतजार समाप्त हो गया है और बोर्ड की बैठक के एक दिन बाद बुधवार को एलआईसी आपीओ का आधिकारिक ऐलान हो गया है। आईपीओ के अपडेटेड ड्राफ्टको बाजार नियामक सेबी की मंजूरी मिलने के बाद मंगलवार को एलआईसी बोर्ड की अहम बैठक हुई थी। बैठक में एलआईसी के प्राइस बैंड से लेकर लॉट साइज और रिजर्वेशन जैसी चिजों पर अंतिम मुहर लग गई थी।
एक लॉट के लिए लगेंगे इतने रूपए
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। एलआईसी के इस मेगा आईपीओ के लिए 902 से 949 रूपए प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया है। इस आईपीओ में एक लॉट में 15 शेयर होंगे। इसका मतलब ये हुआ कि अगर आप इस आईपीओ में पैसे लगाना चाहते है तो आपको कम से कम 15 शेयर खरीदने होंगे। इस तरह हर उस इन्वेस्टर को इस आईपीओ में हिस्सा पाने के लिए कम से कम 14,235 रूपए लगाने होंगे। जिन्हें किसी प्रकार का डिस्कांउट नहीं दिया गया है। बता देवें इस आईपीओ का इंतजार बड़ी बेसब्री से नागरिक कर रहें है और ये मई माह पहले सप्ताह में खुलने की संभावना है।
एलआईसी आईपीओ की मुख्य बातें-
आईपीओ की तारीखें-
2 मई- Anchor tranche
4-9 मई- Public offering.
-इश्यू साइज (LIC IPO Issue size)- 22.13 करोड़ शेयर- कुल शेयरों का 3.5%
-रिजर्वेशन्स (LIC IPO Reservations):
पॉलिसी होल्डर्स के लिए (Policy holders) – इश्यू का 10% – 2.21 करोड़ शेयर
कर्मचारियों के लिए – 0.15 करोड़ शेयर।
-पॉलिसी होल्डर्स और कर्मचारियों के रिजर्वेशन के बाद जो शेयर बचेंगे, उनका 50% QIB के लिए, 35% रिटेल इन्वेस्टर्स के लिए और 15% एनआईआई के लिए होगा. QIB के हिस्से में 60% शेयर Anchor investors के लिए रिजर्व होंगे।
प्राइस बैंड- 902/- to 949/-
लॉट साइज- 15
रिटेल इन्वेस्टर्स और कर्मचारियों के लिए डिस्काउंट: Rs 45/-
पॉलिसी होल्डर्स के लिए डिस्काउंट : Rs 60/-
साइज छोटा होने के बाद भी बनेगा इतिहास।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। प्रेस कांफ्रेंस में DIPAM सचिव तुहिन कांत पांडेय ने कहा कि एलआईसी अभी तक इन्वेस्टर रही है, लेकिन अब लोगों को इन्वेस्ट करने का मौका देने जा रही है। उन्होंने कहा, ‘इस दिन का इंतजार हम लंबे समय से कर रहे थे। सरकार एलआईसी के आईपीओ के लिए प्रतिबद्ध है। एलआईसी को लिस्ट कराने का लक्ष्य दीर्घावधि में एलआईसी के शेयर होल्डर्स के लिए वैल्यूएशन क्रिएट करना है। ये एलआईसी आईपीओ का राइट साइज है, खासकर बाजार की मौजूदा स्थिति को देखते हुए़। अपने छोटे साइज (करीब 21000 करोड़ रुपये) के बावजूद ये भारत का सबसे बड़ा आईपीओ होगा।



