May 20, 2026
26jan

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 19 अप्रैल 2022। अपने 18 हजार से अधिक कृषि कुंओं के सहारे सर्वाधिक उपज लेने वाला श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र अब पानी के अत्यधिक दोहन से पानी से रीत रही क्षेत्र की धरती की चिंता क्षेत्र के हर जागरूक नागरिक को सताने लगी थी। और साथ ही रीत रहा पानी फ्लोराईड युक्त होने से यहां हर कोई बीमारी वाला पानी पीने को लंबे समय से मजबूर रहा है। ऐसे में क्षेत्रवासियों का सबसे बड़ा सपना, उम्मीद एवं सरकारों से अपेक्षा केवल यही थी कि श्रीडूंगरगढ़ को नहरी पानी से जोड़ा जाए। बरसों पुराने इस सपने के पूरा होने की दिशा में राज्य सरकार द्वारा एक ओर कदम बढ़ा दिया गया है। क्षेत्र के सभी नेताओं द्वारा हर मौके पर यह मांग जोर शोर से उठाई गई है। और जलदाय विभाग के द्वारा श्रीडूंगरगढ़ के समस्त 96 आबादी गांवों व श्रीडूंगरगढ़ कस्बे को पेयजल के लिए नहरी पानी से जोड़ने की 695.73 करोड़ रुपए की तकनीकी स्वीकृति जारी कर दी गई है। इस संबध में पहले प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृतियां जारी हो चुकी है एवं अब अंतिम चरण की तकनीकी स्वीकृति भी जारी हो गई है। समय पर कार्य चला तो मार्च 2024 से पहले पहले क्षेत्र के हर गांव को पीने के लिए नहरी मीठा पानी उपलब्ध होगा।

बजट घोषणा थी, आभार का दौर शुरू।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। विधायक गिरधारीलाल महिया के खेमे में इससे खासी प्रसन्नता है और वे इसे अपनी बड़ी उपलब्धि बता रहें है। महिया ने सीएम अशोक गहलोत का आभार जताया है। वहीं पूर्व विधायक मंगलाराम गोदारा ने भी सीएम गहलोत का आभार जताया है। संमदसर सरपंच प्रतिनिधि ईमीलाल गोदारा ने भी इस संबंध में विभाग को व सरकार को कई पत्र दिए जिनमें मुख्य कैनाल से जोड़ने की मांग की गई। इसके लिए गोदारा ने भी आभार प्रकट किया है। गोदारा ने बताया कि इस संबध में राज्य मंत्री दर्जा प्राप्त गोविंदराम मेघवाल की भी विशेष सक्रियता रही है। यूथ कांग्रेस देहात जिलाध्यक्ष हरिराम बाना ने सीएम का आभार जताते हुए कहा कि रामेश्वरलाल डूडी ने इस संबंध में सीएम तक क्षेत्र की आवाज पहुंचाई। जलदाय विभाग में भी प्रसन्नता व उत्साह का माहौल है क्योंकि पेयजल किल्लत से इन्हें रोजाना दो चार होना पड़ रहा है। बहरहाल इस जल जीवन योजना में जनता को मिलने वाली इस बड़ी राहत से क्षेत्र की तस्वीर बदलने की उम्मीदें की जा रही है।

श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र में ऐसे आएगा पानी।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। श्रीडूंगरगढ़ की जनता के लिए आज दशकों पुरानी एक आस पूरी होने की बड़ी खुशखबरी आई है जो क्षेत्र को नहर के पानी से जोड़ने की बडी़ उम्मीद को पंख लगाने की है। यहां के नेताओं व जनता द्वारा लगातार नहर के पानी से जोड़ने की मांग की जा रही थी और अब निरतंर घटता जलस्तर बड़ी मायूसी व चिंता का कारण बन गया था। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की बजट घोषणा की अनुपालना में अब पूरे क्षेत्र को नहर के मीठे पानी से जोड़ने के लिए पानी सीधे इंदिरा गांधी नहर की मुख्य कैनाल आरडी 609 से प्राप्त हो सकेगा। बता देवें पहले श्रीडूंगरगढ़ आने वाले वाली सप्लाई को मुख्य कैनाल से नहीं जोड़ने का प्रस्ताव था एवं छोटी कैनाल से जोड़ने का प्रस्ताव था। ऐसे में क्षेत्र के नेताओं सहित हर कंठ ने यही आवाज उठाई गई की बरसों बाद पानी मिलने की उम्मीद आई है तो इसे मुख्य कैनाल से ही जोड़ कर ही पूरा किया जाए। ताकी पानी की आपूर्ति निश्चित की जा सके। स्थानीय विरोध के बाद इस प्रोजेक्ट को मुख्य कैनाल से जोड़ने की स्वीकृति दे दी गई है। अब यह पानी आरडी 609 से कालू, लाधडिया, आडसर होते हुए क्षेत्र के विभिन्न गांवों में वितरित होगा। योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्र में 55 लीटर प्रति व्यक्ति, प्रतिदिन के हिसाब से एवं शहरी क्षेत्र में 135 लीटर प्रति व्यक्ति प्रतिदिन के हिसाब से पेयजल आपूर्ति दी जाएगी। हर गांव, हर शहर को अपनी अपनी जनसंख्या के अनुसार पानी मिल सकेगा। योजना के तहत क्षेत्र में 48,310 नए कनेक्शन भी जारी किए जाने की योजना है और इस योजना से गांवों में हर घर कनेक्शन जुड़ सकेगा। विभाग द्वारा इसी योजना के अनुसार वर्ष 2053 तक पानी दिया जाएगा। योजना के तहत क्षेत्र में दो जगहों पर पानी स्टोरेज के छोटे बांध एवं 1865.20 केएलएच क्षमता का एक बड़ा वाटर ट्रीटमेंट प्लांट भी लगेगा। नहरी पानी को इन दो छोटे बांधों में स्टोरेज किया जाएगा एवं यहां से 1865.20 किलोलीटर प्रतिघंटे की क्षमता वाले ट्रीटमेंट प्लांट से पानी को साफ कर पीने योग्य बनाया जाएगा एवं घरों तक सप्लाई दी जाएगी।