






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 4 मार्च 2024। फसलों में होने वाली खरपतवार को रोकने, किट-पतगों, किड़ों, लटों को मारने के लिए दवाई के नाम पर बेचा जाने वाला पेस्टीसाईड जहर भी अब मिलावटी होने लगा है। ऐसे में लगातार मिल रही शिकायतों के बाद कृषि विभाग द्वारा गुण नियंत्रण अभियान शुरू किया गया है। राज्य सरकार के आदेशों पर विभाग द्वारा 26 फरवरी से 10 मार्च तक पूरे राज्य में पेस्टीसाईडस की दुकानों पर पहुंच कर कृषि आदानों, उरर्वकों, बीज एवं कीटनाशक रसायनों के सैम्पल लेकर जांच की जा रही है। कृषि विभाग के सहायक निदेकश आरडी सुथार की अगुवाई में विभाग की टीम सोमवार को श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र में तीन दुकानों पर पहुंची एवं अलग अलग 6 सैम्पल लिए एवं इनकी गुणवत्ता जाँच के लिए विभागीय लैबोरेटरी भेजा। किसानों को अच्छी गुणवक्ता वाले उत्पाद उपलब्ध ही होने के लक्ष्य से की गई इस कार्रवाही के दौरान कृषि अधिकारी कन्हैयालाल सारस्वत, सहायक कृषि अधिकारी हितेश जांगीड़, सुपरवाईजर श्रवणदास स्वामी आदि भी साथ रहे।




