May 22, 2026
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प्रसिद्ध डॉ आर्य ने लिखमादेसर में विद्यार्थियों को दी संस्कारवान विचारों के पोषण की प्रेरणा।

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। 15 बार राष्ट्रपति शिक्षक सम्मान से सम्मानित प्रसिद्ध शिक्षक डॉ सतीश आर्य ने आज राउमावि लिखमादेसर में विद्यार्थियों को जीवनोपयोगी व्याख्यान दिया। डॉ आर्य ने सुदंर व संस्कारवान विचारों को जीवन निर्माण का आधार बताया। उन्होंने मन के विचारों की सुदंरता, जीवन निर्माण, माता पिता के त्याग का सम्मान, व्यवसाय, पवित्रता, सत्य की जीवंतता सहित अनेक बिंदुओं को शामिल करते हुए सारगर्भित व्याख्यान दिया। डॉ आर्य ने बच्चों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति संवेदनशील जानकारियां देते हुए बच्चों को अपने घर और गांव में पर्यावरण सरंक्षण की करने की बात कही। उन्होंने अपने जीवन से संबंधित प्रेरक प्रसंग भी विद्यार्थियों के साथ साझा किए। हिंदी व्याख्याता भगवती पारीक ने कार्यक्रम का संचालन करते हुए डॉ आर्य का परिचय दिया। उन्होंने बताया कि गोलागढ़, भिवानी हरियाणा निवासी डॉ सतीश आर्य सरकारी शिक्षक होने के साथ राजस्थान व यूपी की स्कूलों में बच्चों को नैतिकता व संस्कारों के जागरण में योगदान दे रहें है। वे पर्यावरण संरक्षण के लिए महत्वपूर्ण योगदान दे रहें है। पारीक ने बताया कि डॉ आर्य 2012 में क्रांतिकारी राजीव दीक्षित के आश्रम में गए तो कुछ करने की ठान ली। उसके बाद लगातार वे सरकारी अवकाश के दिन राजस्थान व यूपी की स्कूलों में बच्चों को व्याख्यान देते है। वे स्थानीय से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक अनेक पुरस्कारों से सम्मानित हो चुके है। प्रधानाचार्य लक्ष्मीकांत वर्मा ने डॉ आर्य का स्वागत सम्मान किया। वर्मा ने सभी का आभार जताया। कार्यक्रम में विद्यालय के सभी विद्यार्थी, पूरा स्टाफ, एसएमसी सचिव लूणनाथ, देवाराम ज्याणी सहित अनेक ग्रामीण शामिल हुए।


कल होगा हिंदी प्रचार समिति का वार्षिकोत्सव, साहित्यकार होंगे पुरस्कृत।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। राष्ट्रभाषा हिन्दी प्रचार समिति, श्रीडूंगरगढ का वार्षिकोत्सव कल सुबह 10.15 बजे संस्कृति भवन के सभागार में आयोजित किया जाएगा। संस्थाध्यक्ष श्याम महर्षि ने बताया कि महाराजा गंगासिंह विश्वविद्यालय के कुलगुरु आचार्य मनोज दीक्षित कार्यक्रम की अध्यक्षता करेंगे और विधायक ताराचंद सारस्वत मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। । विशिष्ट अतिथि के रूप में उपखंड अधिकारी शुभम शर्मा और साहित्यकार-समालोचक डॉ. गजादान चारण, डीडवाना शामिल होंगे। कार्यक्रम में हिन्दी और कृत्रिम बुद्धिमता: सम्भावनाएं और चुनौतियां विषय पर परिसंवाद होगा। विषय प्रवर्तन शिक्षाविद् समालोचक डॉ. उमाकांत गुप्त, बीकानेर करेंगे। संस्था के मंत्री और संयोजक साहित्यकार रवि पुरोहित ने बताया कि समारोह में विभिन्न साहित्यकारों को सम्मानित किया जाएगा। समारोह में बड़ी संख्या में साहित्यकार, विचारक, चिंतक और शिक्षाविद् भाग लेंगे।