






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 23 सितंबर 2023। चारों ओर बन रहें चुनावी माहौल में आज हम बात करते है चुनाव आयोग द्वारा चुनाव लड़ने वालों के लिए दी गई एक बड़ी व्यवस्था के बारे में, जिससे घर बैठे कर प्रत्याशी अपना ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। पढें विशेष आलेख राज्य स्तरीय निर्वाचन प्रशिक्षक डॉक्टर राधाकृष्ण सोनी की कलम से-
चुनाव लड़ने के इच्छुक व्यक्ति अपना नाम निर्देशन पत्र दाखिल करने एवं अनुमति लेने के लिए रिटर्निंग अधिकारी के कार्यालय में जाते हैं किन्तु भारत निर्वाचन आयोग ने नाम निर्देशन भरने तथा अनुमति की प्रक्रिया को सहज एवं सरल बनाने के लिए ‘सुविधा’ नाम से ऑन लाइन पोर्टल एवं मोबाइल ऐप विकसित किए हैं। वैसे तो कोविड काल की परिस्थितियों में आयोग द्वारा बैठकों, रैलियों के लिए आवंटन आदि के लिए इसको शुरू किया था, किन्तु निर्वाचन में सूचना प्रौद्योगिकी के उपयोग के दृष्टिगत इसके क्षेत्र को और अधिक विस्तृत कर दिया गया है।
अब पोर्टल के माध्यम से अभ्यर्थी द्वारा नाम निर्देशन भरना, शपथ दायर करना, प्रतिभूति राशि जमा करवाना आदि कार्य आसानी से सम्भव है। पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन नाम निर्देशन पत्र भरने एवं शपथ पत्र दायर करने के बाद उसका प्रिंट निकाल कर नोटरीकृत करवाने के बाद आवश्यक दस्तावेजों के साथ रिटर्निंग अधिकारी को जमा करवाया जाता है। फॉर्म ऑनलाइन करते समय सिस्टम एपिक नं. के आधार पर अभ्यर्थी एवं प्रस्तावकों का डाटाबेस स्वत: प्राप्त कर लेता है। ऑनलाइन आवेदन के प्रिंट में एक कूटरचित क्यूआरकोड जेनरेट होता है जिसे नाम निर्देशन पत्र की हार्ड प्रति प्रस्तुत करने के समय रिटर्निंग अधिकारी द्वारा विशेष क्यूआरकोड रीडर द्वारा सत्यापित किया जाता है। ऑनलाइन आवेदन रिटर्निंग अधिकारी के एनकॉर पर पंजीकृत होने के बाद अभ्यर्थी को पोर्टल एवं एसएमएस के माध्यम से अलर्ट्स एवं सूचनाएँ प्राप्त होती रहती हैं। यद्यपि ऑनलाइन नाम निर्देशन की सुविधा वैकल्पिक है, विधि के अन्तर्गत ऑफलाइन व्यवस्था यथावत जारी रहेगी। ऑनलाइन सुविधा का सबसे बड़ा फायदा है, नाम निर्देशन पत्र भरने में त्रुटि रहने की संभावनाएँ कम होना। नाम निर्देशन में सम्भावित कमी के कारण खारिज होने की आशंका को मध्यनजर अभ्यर्थी एक से अधिक नाम निर्देशन परिदत्त करते हैं। ऑनलाइन आवेदन करने पर इस परेशानी एवं अनावश्यक व्यय भार से बचा जा सकता है।
ऑनलाइन नाम निर्देशन की स्थिति में अभ्यर्थी अपने नाम निर्देशन की संवीक्षा का स्टेटस पोर्टल या सुविधा ऐप पर देख सकता है।
इसके माध्यम से राजनीतिक दलों एवं अभ्यर्थियों को दूसरी सुविधा भी दी गई हैं। अब बैठकों, सभाओं, रैली आदि के आयोजन, अस्थायी कार्यालयों की स्थापना, लाउडस्पीकर, वाहन एवं अन्य कार्यों के लिए अनुमति हेतु ऑनलाइन सुविधा प्रदान की जाएगी। सुविधा ऐप के दो मॉड्यूल हैं, एक नामांकन जिसके माध्यम से अभ्यर्थी अपने नाम निर्देशन की स्थिति देख सकता है और दूसरा अनुमति, जिसके द्वारा अभ्यर्थी प्रस्तुत आवेदन का विवरण देख सकता है। इस भाग में अनुमति की स्थिति और कुल संख्या प्रदर्शित होती है। पोर्टल का लिंक https://suvidha.eci.gov.in है और सुविधा कैंडिडेट ऐप को गूगल प्ले स्टोर से https://play.google.com/store/apps/details?id=suvidha.eci.gov.in.candidateapp लिंक के माध्यम से इंस्टाल किया जा सकता है।
इंस्टाल करने के बाद सबसे पहले भाषा का चयन किया जाता है। फिर विधान सभा या लोक सभा जिसके लिए चुनाव लड़ा जा रहा है, में से एक को चुना जाता है। मोबाइल नं. दर्ज करने के बाद ओटीपी से वेरीफाई होगा। तत्पश्चात चार विकल्पों में से एक का चयन कर फॉर्म को सबमिट किया जाएगा।
चुनावों में खड़े हुए अभ्यर्थियों की प्रोफाइल, नाम निर्देशन की स्थिति, शपथ पत्र आदि की प्रतियाँ कोई भी व्यक्ति
अभ्यर्थी शपथ पत्र पोर्टल https://affidavit.eci.gov.in/ या know your candidate (के वाई सी ऐप) के माध्यम से
देख सकता है। ये सभी ऐप न केवल अभ्यर्थी को सुविधाएं प्रदान करते हैं अपितु आयोग की पारदर्शिता को बढ़ावा भी देते हैं।




