






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 10 अक्टूबर 2023। चुनावों के दौर में श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स द्वारा यह विशेष कॉलम शुरू किया जा रहा है। जिसमें क्षेत्र में ऐसी चुनावी घटनाओं की खबरें प्रकाशित की जाएगी जिन्हें कोई खबर के रूप में लीक नहीं करना चाहता। ऐसी ही घटनाओं की प्रामाणिक खबरों को टाइम्स इस विशेष कालम “उड़ती उड़ती खबर” में प्रकाशित कर आप सभी पाठकों तक पहुंचाने का काम करेगा। पढ़ें मंगलवार की उड़ती उड़ती खबर।
कन्फ्यूजन ही कन्फ्यूजन, हे! दिनकर कुछ तो देखो।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 11 अक्टूबर 2023। भाजपा में प्रत्याशी घोषणा के बाद क्षेत्र में कांग्रेसी प्रत्याशी की घोषणा के लिए लोगों में जबरदस्त कन्फयूजन है। यहां कभी बड़े नेताजी एवं उनके परिवार की मजबूत दावेदारी देखने को मिलती है तो कभी उनकी टिकिट कटने की अनेक दलीलें दी जा रही है। दूसरी ओर एक उद्योगपति दावेदार का आत्मविश्वास भरा राजधानी तक सम्पर्क सिस्टम के दावे ने भी कार्यकर्ताओं को कन्फ्यूजन में डाल दिया है। वहीं क्षेत्र में युवा झंडा थामे गत तीन चुनावों से पार्टी की टिकट के लिए शक्ति प्रदर्शन एवं जोर-आजमाईश दिखाने वाले किसान नेता के सिपहसलार की सक्रियता भी लोगों में चर्चा का कारण बन गई है। बड़े नेता का सरदारशहर में प्रदेश के मुखिया से मिलन, युवा नेता को युवा संगठन के मुख्यालय दिल्ली से मिले संकेत एवं उद्योगपति नेता का आत्मविश्वास कुल मिला कर क्षेत्र के कांग्रेसी खासे कन्फ्यूज होकर कांग्रेस के प्रत्याशियों की सूची का इंतजार कर रहे है। कार्यकर्ता अपना कन्फयूजन दूर करने के लिए मीडिया हाऊस की खबरें उम्मीद से पढ़ते है लेकिन एक बड़े मीडिया संस्थान ने तो लगातार खुद की ही विरोधाभासी खबरें देकर कन्फयूजन और बढ़ा दिया है। मीडिया संस्थान ने पहले जहां प्रदेश में कांग्रेस-माकपा गठबंधन का दावा किया तो उस दावे की हवा माकपा के प्रदेश सचिव ने खुद स्पष्टीकरण के साथ आरोप लगाते हुए निकाल दी। बाद में इस मीडिया संस्थान ने मंगलवार को कांग्रेस की पहली सूची 18 के बाद आने की खबर चलाई, उसके बाद अपने विशेष पाडकास्ट में भाजपा के मुकाबले आत्मविश्वास की कमी बताते हुए अभी तक प्रदेश इलेक्शन कमेटी की बैठक तक नहीं होने और अभी तक पैनल ही तैयार नहीं होने की खबर प्रकाशित की। उसके बाद बुधवार को एक ओर क्षेत्र के बड़े नेता की टिकट पहली सूची में फाईनल होने की खबर प्रकाशित की वहीं अंदर के पेज में संभावित उम्मीदवारों की सूची भी प्रकाशित कर युवा नेता का नाम भी प्रकाशित किया। कुल मिला कर कन्फ्यूज कार्यकर्ताओं का अंधेरा हटाने के बजाए कन्फ्यूजन ओर गहरा कर दिया है। ऐसे में उड़ती उड़ती खबर यही है कि बहरहाल पाठक एवं क्षेत्र के कार्यकर्ता यही कह रहे है कि “हे दिनकर कुछ तो देखो”।



