






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 2 सितंबर 2024। रविवार को बीकानेर के खारा रिको में स्थित पीओपी की फेक्ट्री में एक व्यक्ति नरेन्द्र सिंह की मोबाईल चोरी के अंदेशे मे पीट पीट कर हत्या कर दी गई। इसके बाद से ही बीकानेर में जोरदार विरोध प्रदर्शन चल रहा है एवं मृतक के परिजनों एवं समाज के नेताओं ने पहले फैक्ट्री के बाहर धरना लगाया था एवं आज सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद पीबीएम मोर्चरी के बाहर धरना दिया हुआ है। इस हत्या के प्रकरण का श्रीडूंगरगढ़ कनेक्शन है क्योंकि फैक्टी के मालिक क्षेत्र के गांव बाडेला के है। प्राप्त जानकारी के अनुसार यह फैक्ट्री गांव बाडेला के निवासी किशनाराम गोदारा की है एवं गोदारा व उनके पुत्र रामप्रताप इसका संचालन करते है। घटना के बाद से ही दोनो फरार है एवं पुलिस उनकी तलाश में श्रीडूंगरगढ़ के गांव बाड़ेला में भी दबीश दी है। पुलिस ने इस मामले में फैक्ट्री में रहने वाले तीन जनों को रविवार से ही राऊंड अप भी किया हुआ है व दोनो मुख्य आरोपियों की तलाश जारी है। विदित रहे कि इस संबध में मृतक के भाई कालासर निवासी गोपालिसंह ने जामसर थाने में श्रीडूंगरगढ़ के बाडेला निवासी किशनाराम गोदारा, रामप्रताप गोदारा, भागीरथ, मुकेश, किशनलाल, गिरधारीलाल सहित अन्य 3-4 के खिलाफ एकराय होकर हमला करने का आरोप लगाते हुए मामला दर्ज करवाया है।
एसएचओ निलंबन की मांग, श्रीडूंगरगढ़ एचएचओ पर जताया भरोसा।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। शनिवार रात को वारदात होने एवं रविवार सुबह 5 बजे घटना का पता चलने के घंटों बाद भी मौके पर शव पड़ा रहा एवं इस संबध में पुलिस पर भारी लापरवाही का आरोप लगाया गया है। घटना में लापरवाही बरतने पर जामसर थानाधिकारी को लाईन हाजीर कर दिया गया है व दूसरी और सोमवार को धरनार्थी जामसर थानाधिकारी के निलंबन की मांग कर रहे है। वहीं वर्तमान में श्रीडूंगरगढ़ थानाधिकारी इंद्रकुमार जो कि पहले जामसर में पदस्थापित थे उन पर भरोसा जताते हुए उन्हें मामले की जांच दी गई है। विदित रहे कि इंद्रकुमार के पूर्व में जामसर थाने में पदस्थापित होने से वहां भी उनकी पकड़ है एवं आरोपी श्रीडूंगरगढ़ थानाक्षेत्र के गांव बाड़ेला के निवासी होने के कारण श्रीडूंगरगढ़ एचएचओ द्वारा उनकी तलाश, धरपकड़ में प्रभावी कार्रवाही जल्द होने की उम्मीद जताई गई है।
पोस्टमार्टम के बाद भी नहीं लिया शव, जारी है धरना।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। रविवार को हुई हत्या के मामले में मृतक का पोस्टमार्टम सोमवार को हुआ है। लेकिन परिजनों ने पोस्टमार्टम के बाद भी शव लेने से मना करते हुए मोर्चरी के बाहर धरना लगा दिया है। धरने पर भाजपा नेता सुरेन्द्र सिंह शेखावत, भगवानसिंह मेडतिया, कांग्रेस नेता प्रहलादसिंह मार्शल आदि जमे हुए है। जनप्रतिनिधियों का आरोप है कि घटना का पता सुबह 5 बजे लगने के बाद भी पुलिस ने लापरवाही बरतते हुए आरोपियों को भागने का मौका दिया इसलिए थानाधिकारी का निलंबन होना चाहिए। धरने परजामसर एचएचओ को निलंबित करने, मृतक के परिजनों को सरकारी नौकरी देने, मुआवजा देने एवं हत्या के आरोपियों की गिरफ्तारी करने की मांग बुलंद की जा रही है।



