






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 21 सितंबर 2024। चैक अनादरण के एक मामले में श्रीडूंगरगढ़ कोर्ट ने आरोपी को दो साल की सजा व ढाई लाख रूपए का जुर्माना भरने की सजा सुनाई है। स्थानीय अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट हर्ष कुमार ने परिवादी दिनेश सोनी की अपील पर आरोपी कालूबास निवासी परमेश्वरलाल पुत्र रामचंद्र सुनार को चैक अनादरण के मामले में दण्डित किया है। सीनियर एडवोकेट मोहनलाल सोनी व सहायक अधिवक्ता दीपिका करनाणी ने जानकारी देते हुए बताया कि वर्ष 2022 में दिनेश सोनी ने आरोपी परमेश्वरलाल सुनार को सोने के जेवर अधार दिए थे। जिसके भुगतान के लिए आरोपी ने परिवादी को दो लाख रूपए का चैक दिया। चैक बैंक में धनराशि नहीं होने के कारण अनादरित हो गया। परिवादी ने न्यायालय में 138 एनआई एक्ट के तहत परिवाद दी। परिवादी की ओर से परिवादी के बयान दस्तावेज साबित करवाए गए तथा दोनों पक्षों की पूर्ण सुनवाई करके न्यायालय ने आरोपी को दोषी मानते हुए अपना निर्णय सुनाया है।



