






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 27 फरवरी 2022। श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र के गांव रिड़ी में आज एक अनूठा विवाह संपन्न हुआ जिसमें पूरे समाज के लिए जागृति का संदेश दिया गया। अनेक विवाह बिना दहेज के संपन्न हो रहें है परंतु आज समाज में पिछड़ा माने जाने वाले वर्ग ने समाज के सभी वर्गों में समानता की धारणा से आगे बढ़ कर स्त्री व पुरुष के बीच समानता, घूंघट प्रथा के विरुद्ध जागरूकता का प्रण करते हुए संविधान की शपथ ली। विवाह रिड़ी निवासी भंवरीदेवी ओमप्रकाश बरोड़ की बेटियां सुमन व माली का सारडी, डीडवाना निवासी सुखीदेवी कानाराम चिनिया के पुत्रों किशोर व ताराचंद के साथ संपन्न हुआ। विवाह में पूर्व सरपंच रेखाराम कालवा, राजेन्द्र नोसरिया, हरिराम जाटव, पप्पूराम कालवा, राजगढ़ से एडवोकेट चंद्रभान शीला, शीलसागर बौद्ध सहित अनेक प्रबुद्ध जन शामिल हुए व विवाह में भाग लेने वाले समाज के सभी बंधुओं की सभा की गई। सभा में महिला उत्थान पर काफी चर्चा हुई व सभी ने बौद्ध विवाह के आयोजन को फिजूलखर्ची से मुक्त बताते हुए इसकी सराहना की। सभी वक्ताओं ने अपने समाज को कुरूतियों से मुक्त करने का संकल्प लेते हुए शिक्षा के प्रसार पर जोर दिया।




