






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 28 दिसंबर 2024। सीएम भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में शनिवार को कैबिनेट की बैठक संपन्न हुई है। बैठक में ऐतिहासिक फैसले लेते हुए, सीकर, पाली व बांसवाड़ा संभाग निरस्त कर दिए गए है। गत गहलोत सरकार में बनाए गए नए छोटे 9 जिलों को खत्म कर दिया गया है। प्रेस कांफ्रेस में जानकारी देते हुए कैबिनेट मंत्री जोराराम पटेल गत सरकार पर नियमों को अनदेखी करने की बात कहते हुए कहा कि नए जिलों का गठन व्यवहारिकता से नहीं किया गया। इनमें पद सृजन नहीं किए, कार्यालय भवन व्यवस्था, विभागों के लिए बजट नहीं दिया गया। वहीं वर्तमान सरकार द्वारा बनाई कमेटी ने पाया कि इनकी उपयोगिता बिल्कुल ठीक नहीं है। एक्सपर्ट कमेटी की राय के बाद मंत्रीमंडल ने ये माना कि ये जिले उचित और व्यावहारिक नहीं है। इसलिए सरकार ने समीक्षा करते हुए पाया कि नए जिलों व नए संभागों की आवश्यकता नहीं है। अब राजस्थान में सात संभाग व 41 जिले रहेंगे, शेष संभाग व जिले निरस्त होंगे। वे जिले बड़े जिलों में मर्ज होंगे और सुदृढ़ता से कार्य कर सकेंगे। प्रदेश में अब 33 पुराने व नए बनाएं जिलों में बालोतरा, ब्यावर, डीग, डीडवाना कुचामन, कोटपुतली बहरोड़, फलौदी, सलूम्बर सहित 8 जिले यथावत रहेंगे। अब राजस्थान में कुल 41 जिले होंगे। बैठक में एसआई भर्ती को लेकर कोई निर्णय नहीं हुआ है जैसे की सुबह से कयास लगाए जा रहें थे। तबादलों पर बैन हटाए जाने पर शीघ्र ही सकारात्मक कार्य करने की बात कही गई है। पशुपालन विभाग में पशुधन सहायक का पदनाम बदल पशुधन निरीक्षक, पशु चिकित्सा सहायक को पशुधन प्रसार अधिकारी, सहायक सूचना अधिकारी को वरिष्ठ पशुधन प्रसार अधिकारी का नाम दिया गया है। बता देवें सरकार के एक साल पूर्ण होने के बाद ये पहली कैबिनेट बैठक हुई है। एक सवाल के जवाब में मंत्री ने बताया कि आने वाली जनवरी के अंतिम सप्ताह में विधानसभा का सत्र बुलाया जाएगा। बैठक में जोगाराम पटेल, जोराराम खराड़ी, किरोड़ीलाल मीणा, कन्हैयालाल चौधरी, हेमंत मीणा, सुमित गोदारा सहित अनेक कैबिनेट मंत्री शामिल हुए। कैबिनेट बैठक शुरू होने से पहले सीएम ने भाजपा के पूर्व राष्ट्रीय अध्यख कुशाभाऊ ठाकरे को पुष्पाजंलि अर्पित की।



