May 20, 2026
0000000101010100

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 25 मार्च 2023। सुनो सरकार! अपनी हठधर्मिता के लिए क्यों हो रहा है नागरिकों की जान से खिलवाड़.? सरकार के खिलाफ कड़े शब्दों में यह पीड़ा बयान हो रही है, दुःख और दर्द से कराहते रोगियों के मुख से। क्षेत्र में निजी चिकित्सालयों और चिकित्सकों की पूर्ण हड़ताल से जनता पहले ही खासी परेशान हो रही थी और आज शनिवार को सरकारी चिकित्सक भी 2 घंटे के कार्य बहिष्कार पर चले गए है। क्षेत्र में 23 और 24 को राजकीय अवकाश होने के कारण सरकारी अस्पताल की ओपीडी इन दोनों दिन केवल 2-2 घंटे ही खुली थी। ऐसे में कस्बे के सरकारी और निजी चिकित्सालयों की करीब 1500 से ज्यादा रोगियों की ओपीडी इन दो घंटे में होनी असम्भव रही। रोगियों ने 2 दिनों का इंतजार किया कि शनिवार को सरकारी हॉस्पिटल में सुबह 9 से दोपहर 3 बजे तक ओपीडी रहेगी। इस कारण राजकीय चिकित्सालय में सुबह से ही रोगियों की लंबी कतारें लगनी शुरू हो गई। परंतु शनिवार सुबह जल्दी लाइन में लगने पर भी रोगियों का उपचार शुरू नहीं हो पाया क्योंकि 9 बजे जब ओपीडी शुरू होनी थी तब लाइनों में लगे रोगियों को पता चला कि निजी चिकित्सकों की हड़ताल के समर्थन में सरकारी चिकित्सक भी 2 घंटे के कार्य बहिष्कार पर चले गए है। ऐसे में श्रीडूंगरगढ़ हॉस्पिटल में हालात बद से बदतर होते जा रहे है और जनता सरकार व चिकित्सकों के बीच चल रही इस खींचतान में घुन की तरह पीस रही है।

फैक्ट फाइल
4 दिन, 10 घंटे और 6 हजार रोगी, हो रहा है जान माल से खिलवाड़।

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र में चिकित्सा विभाग के फैक्ट देखें तो यहां हर दिन सभी निजी चिकित्सालयों में करीब 500-700 से अधिक रोगी और सरकारी चिकित्सालय में 800 से 1000 रोगियों की ओपीडी रहती है। गत 18 मार्च से निजी चिकित्सकों की हड़ताल से औसत 1500 रोगियों का भार सरकारी हॉस्पिटल पर आ गया। यहां भी सिस्टम सरकारी ही होने के कारण यह फैक्ट 10 घंटे में 6000 से अधिक रोगियों की जांच, परामर्श और उपचार का निकल रहा है। यहां 23, 24 मार्च को केवल 2-2 घंटे, 25 मार्च को 6 घंटे ओपीडी की बजाय केवल 4 घंटे और इसी प्रकार कल आने वाले रविवार 26 मार्च को फिर से छुट्टी होने के कारण 2 घंटे की ओपीडी रहेगी। ऐसे देखा जाए तो 23 से 26 तक चार दिनों में सरकारी अस्पताल की ओपीडी केवल 10 घंटे ही चलनी है। इन 10 घंटो में भी सीट पर चिकित्सकों की मौजूदगी भी हमेशा की तरह विवादों और शिकायतों में घिरी है। ऐसे में परेशान जनता यही गुहार लगा रही है कि हे सरकार क्यों हो रहा है जान से खिलवाड़.?

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। सरकार से आमजन कर रही है सवाल, क्यों हो रहा है जान से खिलवाड़.?
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। सीएचसी में मरीजों की भीड़, झलक रही है पीड़ा।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। सरकारी अस्पताल में कार्य बहिष्कार से परेशान है बड़ी संख्या में मरीज।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। गांवो से आए मरीज, बच्चों को लेकर पहुंची महिलाएं।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। आक्रोशित है रोगी, नाराज है परिजन।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। परेशान मरीज, प्रसुताएं, बच्चे कोस रहें है सिस्टम को।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। सुबह से लगी है कतारें, निराश हो रहें आमजन।