






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 10 अक्टूबर 2022। जिसका संबंध भगवान से हो जाता है उनका चरित्र कथा बन जाता है और जिसका संबंध संसार से हो जाता है उनका चरित्र व्यथा बन जाता है। ये बात माहेश्वरी भवन में आयोजित भागवत कथा में स्वामी श्रवणानंद सरस्वती ने कही। कथावाचक ने साधु के लक्षण बताते हुए सहनशील, समता, करूणा, सह्रदय, अजातशत्रु, शांत चित्त, श्रद्धा में लीन होना बताया। उन्होंने निष्काम भक्ति को अन्तकरण को पवित्र करने वाली बताया। नारायणीदेवी व रामगोपाल सुथार परिवार द्वारा आयोजित कथा में आज कृष्ण जन्मोत्सव मनाया गया। पांडाल को गुब्बारों व फुलों से सजाया गया व बड़ी संख्या में उपस्थित श्रद्धालुओं ने खूब जयकारे लगाते हुए उत्सव मनाया।





